पुलिस गश्त से बचकर तेज गति से दौड़ रही बजरी भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर से मंगलवार रात उनियारा थाने के बाजोलिया नहर पर बाइक सवार एक महिला की मौत हो गई।
टोंक। पुलिस गश्त से बचकर तेज गति से दौड़ रही बजरी भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर से मंगलवार रात उनियारा थाने के बाजोलिया नहर पर बाइक सवार एक महिला की मौत हो गई। इससे नाराज लोगों ने बुधवार सुबह उनियारा थाने का घेराव कर दिया। इस पर पुलिस अधीक्षक राजर्षिराज ने सहायक उप निरीक्षक रतनलाल मीणा, कांस्टेबल रतिराम तथा कांस्टेबल चालक मनीष कुमार को लाइन हाजिर कर दिया।
पुलिस उपाधीक्षक रोहित मीणा ने बताया कि मृतका बाजोलिया निवासी मोना (35) पत्नी कीर्तिकुमार जांगिड़ है। पुलिस उपाधीक्षक रोहित मीणा ने बताया कि मंगलवार रात करीब साढ़े 9 बजे मोना पत्नी कीर्ति कुमार अपने जीजा महावीर जांगिड़ के साथ बाइक पर ढिकोलिया में आयोजित विवाह से बाजोलिया की ओर जा रहे थे।
दूसरी तरफ उनियारा थाने की पुलिस टीम उनियारा से ढिकोलिया गांव के बीच कार में गश्त कर रही थी। उन्हें बनेठा के समीप बनास नदी से बजरी भरकर ट्रैक्टर-ट्रॉलियां बाजोलिया मार्ग पर जाती दिखी। ऐसे में पुलिस ने उनका पीछा किया। पुलिस की ओर से 7 किलोमीटर दूर बाजोलिया नहर तक पीछा करने के दौरान चालक ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को घुमाने के चक्कर में बाइक को टक्कर मार दी। वहीं मोना के ऊपर से ट्रॉली गुजर गई। जबकि महावीर सडक़ किनारे गिर गया।
इसके बाद चालक ट्रैक्टर-ट्रॉली को लेकर फरार हो गया। उसके पीछे पुलिस की कार भी तेज गति से चली गई। लेकिन पुलिस टीम ने घायल मोना और महावीर की सुध नहीं ली। ऐसे में महावीर ने मोना को अस्पताल में भर्ती कराया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इससे नाराज परिजन व ग्रामीणों ने बुधवार सुबह थाने के बाहर प्रदर्शन कर कई मांग रखी। इस पर एएसआई समेत दो कांस्टेबल को लाइन हाजिर किया है।
इनका कहना है
पुलिस की ओर से लगातार बजरी के अवैध खनन और परिवहन पर कार्रवाई की जा रही है। इसी के तहत पुलिस टीम गश्त कर रही थी। रात को टीम बजरी भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली का पीछा कर रही थी। लेकिन पुलिस टीम को हादसे में घायल को पहले अस्पताल पहुंचाना चाहिए था। इसी वजह से एक एएसआई और दो कांस्टेबल को लाइन हाजिर किया है। अब उनसे जवाब लिया जाएगा कि उन्होंने घायल को अस्पताल क्यों नहीं भर्ती कराया।
रोहित मीणा, पुलिस उपाधीक्षक उनियारा