
उमेश मेेेनारिया/ मेनार . प्रदेशस्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कई घोषणाएं की। सीएम ने अन्नपूर्णा दुग्ध योजना के तहत अब आगनवाड़ी में जाने वाले नौनिहालों को भी दूध पिलाए जाने की घोषणा की। गौरतलब है कि राज्य सरकार ने अन्नपूर्णा दुग्ध योजना की शुरुआत सरकारी स्कूल के बच्चों के लिए शुरू की। लेकिन योजना की बड़ी खामी ये थी कि बड़े बच्चों को दूध मिल रहा था, लेकिन आंगनबाड़ी केंद्रों में जाने वाले बच्चों को दूध से वंचित रहना पड़ रहा था। आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को गरम और ठंडा पोषाहार उपलब्ध करवाया जाता है। इससे पहले भेदभाव ये था कि एक ही भवन में एक तरफ स्कूल में बच्चों को योजना के तहत दूध पिलाया जाता है और दूसरी तरफ केंद्र में पढ़ रहे 3 साल से लेकर 6 साल तक के नौनिहालों को सूखा पूरक पोषाहार ही खाना पड़ रहा था। इसी मामले को लेकर राजस्थान पत्रिका ने 19 जुलाई को ‘ये कैसा भेदभाव नौनिहाल को गुड़ चना, बड़ों को दूध’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद राज्य सरकार ने योजना का दायरा बढ़ाया है।
बच्चों को रोजाना मिलेगा दूध
मुख्यमन्त्री ने योजना का दायरा बढ़ाते हुए सरकारी स्कूलों के कक्षा 1 से 8वीं तक के बच्चों को सप्ताह में तीन दिन के स्थान पर प्रतिदिन दूध पिलाना बताया। इसके लिए 203 करोड़ रुपए की अतिरिक्त राशि उपलब्ध कराई जाएगी।
गर्भवती महिलाओं को भी लाभ
आंगनबाड़ी केन्द्रों पर पंजीकृत 3 से 6 वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती एवं धात्री माताओं और किशोरी बालिकाओं को पूरक पोषाहार के साथ-साथ सप्ताह में तीन दिन दूध पिलाया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से 100 करोड़ रुपए दिये जाएंगे।
जिले में 47893 को लाभ
सिर्फ उदयपुर जिले में आंगनबाड़ी केंद्र की संख्या 3174 है। इनमें से 480 आंगनवाड़ी केंद्र स्कूल के भवनों में संचालित है। जिनके अंदर आने वाले बच्चों की संख्या 135185 है। जिसमें नई घोषणा के तहत अब उम्र वाले 03 साल से 06 साल तक के बच्चों की संख्या 47893 है। प्रदेश में संचालित कुल आंगनबाड़ी केंद्र की संख्या करीब 62 हजार है, जहां 6 महीने से 6 साल तक के करीब 23 लाख 44 हजार बच्चे योजनाओं से लाभांवित हैं।
बढ़ेगा बजट
स्कूली बच्चों को रोजाना दूध मिलेगा। इसके तहत बजट राशि को बढ़ाया गया। राज्यभर में 66 हजार 506 स्कूल हैं। इनमें करीब 62 लाख विद्यार्थी हैं। प्रदेशभर के स्कूलों में दुग्ध योजना के तहत करीब 12 लाख लीटर दूध की आवश्यकता है। सिर्फ उदयपुर जिले में 3905 स्कूल हैं, जहां 3.89 लाख विद्यार्थी अध्यन्तरत हैं। उदयपुर सम्भाग में 10897 स्कूल हैं। जहा 12.77 लाख छात्र हैं।