
उदयपुर . शहर के नजदीक कानपुर क्षेत्र में अक्षय तृतीया पर राजस्थान पत्रिका के अभियान चेंजमेकर से जुडऩे के लिए बड़ी संख्या में महिला-पुरुष एकत्रित हुए। इस आयोजन में लोगों ने खुलकर स्वच्छ छवि वाले और वास्तविकता के धरातल पर विकास के कार्य करने वाले राजनीतिज्ञों को आगे लाने की बात कही। राजनीति और राजनीतिज्ञों की छवि सुधारने के लिए स्वयं आगे आने और वाॅॅलेंटियर बनने की शपथ भी ली। कानपुर क्षेत्र में मेघवाल समाज के लोगों ने इस अभियान को समय की जरूरत बताया और इसके लिए पत्रिका का आभार जताते हुए राजनीति में सक्रिय स्वार्थी तत्वों को दूर कर स्वच्छ छवि वाले प्रतिनिधियों का आगे लाने की बात कही।
कानपुर के लोगों ने कहा कि राजनीति को स्वच्छ करने के लिए जो संकल्प हम लोग रहे हैं। इसके लिए दिल से जुड़ेंगे और आपराधिक प्रवृत्ति वाले और भ्रष्ट राजनीतिज्ञों का साथ नहीं देंगे। लोगों ने कहा कि स्वच्छ राजनीति के लिए खुद भी सक्रिय होंगे और दूसरों को भी इसके लिए आगे लाने का प्रयास करेंगे।
तस्वीर बदलने की आवश्यकता
क्षेत्र के पन्नालाल मेघवाल ने बताया कि राजनीति में अब तस्वीर बदलने की आवश्यकता है। घर भरने वाले और अपने हित साधने वाले प्रतिनिधियों को हटाने के लिए आम जन को आगे आना होगा।
स्वच्छ छवि वालों को आगे आना होगा
मदनलाल डांगी ने कहा कि राजनीति को लोग गंदा मानकर इससे किनारा करते हैं। इसी का फायदा कुछ स्वार्थी तत्व उठाकर आगे बढ़ जाते हैं। इस व्यवस्था को रोकने के लिए स्वच्छ छवि वाले लोगों को आगे आना होगा।
तोडऩा होगा पार्टियों का भ्रम
गोपी डांगी ने कहा कि आम लोगों के राजनीति से दूरी बनाने से यह क्षेत्र सेवा का नहीं बल्कि मेवा खाने का होकर रह गया है। इसमें सुधार लाने के लिए लोगों को एकजुट होकर एेसे प्रतिनिधियों को आगे लाना होगा जो पार्टियों के भ्रम को तोड़े।
महिलाओं को आना होगा आगे
क्षेत्र के सुनीता शर्मा ने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद भी महिलाओं को राजनीति में अधिक सफलता नहीं मिलती। वर्तमान में राजनीतिक क्षेत्र में बड़े बदलाव की जरूरत है और इसके लिए महिलाओं को आगे आना होगा।
युवाओं को भी मिले मौका
ज्योति डांगी ने कहा कि युवक-युवतियां भी अपने नए विचारों के साथ राजनीति में सक्रिय हो। राजनीतिक पार्टियां अपना प्रत्याशी जनता पर थोपती है तो उन्हें मुंहतोड़ जवाब देते हुए जरूरत पडऩे पर अपना प्रत्याशी खड़ा करें।
चुनाव में दिखा सकते हैं आईना
कुसुम ने कहा कि हम जिन लोगों को प्रतिनिधि बनाकर भेजते हैं वे स्वार्थवश हमारे खिलाफ ही कार्य करने लगते हैं। एेसे लोगों को चुनाव के समय आइना दिखाने वाला होता है, लेकिन पार्टियों द्वारा पुन: उन्हें ही आगे लाकर फिर धोखा दिया जाता है। इससे बचने के लिए जनता को आगे आकर बदलाव लाना होगा।