
उदयपुर . पोलियो पीडि़त पुष्कर गमेती की मदद के हाथ उठने लगे हैांं। राजस्थान पत्रिका के 18 अप्रेल के अंक में खबर प्रकाशित होने के बाद चाइल्ड लाइन की टीम मौके पर पहुंची। टीम से मोहनलाल एवं भावना कुमारी जब पुष्कर के पास पहुंचे तो उसे उम्मीद की किरण दिखी कि शायद कोई मदद मिले और मैं अपने पैरों से चल पाऊं। टीम ने भी पुष्कर को हर संभव मदद का आश्वासन दिया। उसके माता-पिता को भी उम्मीद बंधने लगी है कि अब उनके बेटे को बेहतर इलाज मिलेगा। पुष्कर की मां ने बताया कि टीम ने सरकारी योजनाओं में नाम जुड़वाने सहित अन्य संस्थाओं से मदद का भरोसा दिया है। टीम ने बाल विकास समिति से भी मदद दिलाने की बात कही है। इसके लिए उन्हें शुक्रवार को बाल समिति में बुलाया गया है। साथ ही बड़े एनजीओ के माध्यम से पुष्कर के इलाज का आश्वासन दिया है।
यूआईटी ने सुबह काम रुकवाया, नहीं माना तो किया ट्रैक्टर जब्त
उदयपुर. शहर के सेंट ग्रिगोरियस स्कूल के पास मयंक कॉलोनी में यूआईटी की भूमि के एक मामले में कोर्ट ने यथास्थिति के आदेश दे रखे थे बावजूद इसके वहां सामने वाली पार्टी निर्माण कर रही थी। यूआईटी की टीम ने बुधवार सुबह जाकर काम रुकवाया, लेकिन टीम के यूआईटी पहुंचते ही वापस काम शुरू कर दिया। दूसरी बार टीम ने मौके पर पहुंचे ट्रैक्टर जब्त कर लिया।
यूआईटी तहसीलदार गोवर्धन सिंह झाला ने बताया कि कोर्ट ने यूआईटी और सामने वाले व्यक्ति के मामले में यथास्थिति के आदेश दे रखा था। बावजूद इसके वहां निर्माण किया जा रहा था। शिकायत पर यूआईटी की टीम पहुंची और काम रुकवाया। झाला ने बताया कि विनोद सालवी नामक व्यक्ति पाबंद किया कि कोर्ट के आदेश की पालना करें। जब टीम यूआईटी पहुंची तो सूचना मिली कि वहां तो वापस काम शुरू कर दिया। झाला ने वापस टीम भेजी और मौके पर काम रुकवाया।