बिजली चोरी पकड़ी, 3.33 लाख का जुर्माना ठोंका, सराड़ा उपखण्ड क्षेत्र के चावण्ड में पकड़ी बिजली चोरी
उदयपुर/ सराड़ा. शहरी क्षेत्र की कच्ची बस्ती में बड़े स्तर पर हो रही बिजली चोरी पर हाथ डालने से बच रहे अजमेर विद्युत वितरण निगम के नुमाइंदों के बीच निगम के सतर्कता दल के अभियंताओं ने सराड़ा पंचायत समिति क्षेत्र के चावण्ड में बिजली चोरी पकड़कर 'खुद के दामन में लगे दागोंÓ को धोने की एक पहल की है। राजस्थान पत्रिका में 8 जून को 'दिखावे की कच्ची बस्तियों में चोरी की बिजली से होते हैं रईसी के शौकÓ शीर्षक से प्रकाशित खबर के बाद हलचल में आए निगम के सर्तकता दल ने कार्रवाई की पहल करते हुए निगम ने रविवार को सराड़ा में 11 जगह पर दबिश देकर बिजली चोरी पकड़ी। साथ ही 3.33 लाख रुपए का जुर्माना भी निर्धारित किया।
इससे पहले सलूम्बर सहायक अभियंता घनश्याम दास वैष्णव ने बिजली थाने के जवानों के साथ चावण्ड व केजड़ सहित समीपवर्ती इलाकों में छुट्टी के दिन बिजली चोरी पकडऩे की कार्रवाई की। करीब ११ प्रकरण दर्ज करते हुए तीन लाख से अधिक वसूली तय की। केवल चावण्ड में दो जगहों पर बिजली चोरी पकड़कर 1.62 लाख का जुर्माना तय हुआ। उपभोक्ताओं को बिजली चोरी की जुर्माना राशि जमा कराने के लिए नोटिस जारी किए गए हैं। कार्रवाई दल में सहायक अभियंता के अलावा डगार जेईएन आरपी बैरवा, झल्लारा जेईएन लक्ष्मण ढोली, भबराना जेईएन सुमित चौहान एवं अन्य तकनीकी हैल्पर मौजूद थे।
शहर में चुप्पी क्यो?
खास है कि निगम के ग्रामीण इलाकों में अभियंताओं के स्तर पर उनकी मौजूदगी दर्शाते हुए बिजली चोरी पकडऩे की पहल शुरू की गई है, लेकिन उदयपुर मुख्यालय पर स्थित निगम के मुख्य अभियंता कार्यालय की नाक के नीचे स्थित कच्ची बस्तियों में हो रही बिजली चोरी को लेकर अभियंताओं एवं प्रबंधन के जिम्मेदारों के कानों में जूं नहीं रेंग रही। बिजली चोरी से लाखों रुपए प्रतिदिन के हो रहे राजस्व नुकसान ने संभागीय मुख्यालय के जिम्मेदारों की चुप्पी पर सवाल खड़े कर दिए हैं।