सोना-चांदी की बढ़ती कीमतों के बीच निवेशकों ने अब तांबे की ओर रुख किया है। उदयपुर सहित पूरे राजस्थान के सर्राफा बाजार में पहली बार तांबे की सिल्लियों की मांग बढ़ी है। प्रदेश के 2000 से अधिक व्यापारी अब तांबे का स्टॉक रख रहे हैं।
उदयपुर: सोना और चांदी के दाम लगातार ऊंचे बने रहने के बीच निवेशकों ने अब तांबे की ओर रुख करना शुरू कर दिया है। बीते एक-दो महीनों में तांबे में निवेश का ऐसा रुझान आया है कि राजस्थान के बुलियन बाजार की तस्वीर बदलने लगी है। पहली बार सर्राफा बाजार में सोना-चांदी के साथ तांबे की सिल्लियां भी बिकने लगी हैं।
इस बदलाव की शुरुआत जैसे बड़े शहरों के साथ-साथ उदयपुर जैसे संभागीय शहरों से हुई है। उदयपुर में करीब 30 और प्रदेशभर में 2000 से अधिक बुलियन व्यापारी अब तांबे का स्टॉक रखने लगे हैं। अंतरराष्ट्रीय मांग बनी रही तो आने वाले महीनों में तांबे की कीमतों में और तेजी आ सकती है।
प्रदेश में तांबे की सप्लाई फिलहाल मुंबई, दिल्ली और अहमदाबाद से हो रही है। मांग बढ़ने से सिल्लियां बनाने वाली फैक्ट्रियों पर दबाव बढ़ा है। कई इकाइयों में 24 घंटे काम चल रहा है और 10-10 दिन की एडवांस बुकिंग पर ही माल मिल रहा है।
तांबा अब केवल इंडस्ट्रियल मेटल नहीं रहा। सोना-चांदी महंगे होने से निवेशकों को कम कीमत वाला विकल्प चाहिए था। जो तांबा पूरा कर रहा है। मिड और लांग टर्म में बेहतर ग्रोथ की पूरी संभावना है।
-अनिल कुमार पलोड़, बुलियन व्यापारी, उदयपुर