जैन समाज के संत शिव मुनि महाराज ने दाती महाराज के प्रकरण पर अपनी प्रतिक्रिया दी।
उदयपुर. आगामी दिनों में उदयपुर में होने वाले चातुर्मास को लेकर मंगलवार को पत्रकारों से रूबरू हुए जैन समाज के संत शिव मुनि महाराज ने दाती महाराज के प्रकरण पर अपनी प्रतिक्रिया दी। संत शिव मुनि महाराज ने कहा कि दाती महाराज अगर दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि संतोंं को इस तरह का आचरण नहीं करना चाहिए। दाती महाराज अभी तक शनि की उपासना कर रहे हैं जो कि इनकी पहचान बनी हुई थी लेकिन जब यह बात सामने आई कि उनके वहां लड़कियां आती हैंं और उनको कौन लेकर आता है।
इसके अलावा वहां पर आने वाली लड़कियां बहुत कम उम्र की होती है जिनका पता भी सही नहीं होता है। ऐसे में वह संदिग्ध के घेरे में है और संतों को ऐसा नहीं करना चाहिए। संतोंं को जब प्रसिद्धि मिल जाती है और धन मिल जाता है। उसके बाद सभी संतोंं में खौफ होना चाहिए कि वह परमात्मा के अंश है। ऐसे में इस तरह के कुकृत्य नहीं करना चाहिए। इसके अलावा शिव मुनि महाराज ने यह भी कहा कि जैन समाज के संतों में इस तरह के मामले इसलिए नहीं होते हैं कि उनके पास शाम को महिलाओं का आना सख्त मना होता है। इसके अलावा जैन संत को महिलाएं स्पर्श भी नहीं कर सकती। इसलिए इस तरह के मामले कभी भी जैन संत के नहीं आ सकते हैं।