फलासिया. सरकार चिकित्सा क्षेत्र में नि:शुल्क दवा व जांच के दावे करके वाहवाहियां बटोरने का प्रयास कर रही हैं किंतु...
हंसराज सरणोत / फलासिया. सरकार चिकित्सा क्षेत्र में नि:शुल्क दवा व जांच के दावे करके वाहवाहियां बटोरने का प्रयास कर रही हैं किंतु ग्रामीण क्षेत्र में जमीनी हालात कुछ ओर ही स्थितियां बयान कर रही हैं । उदयपुर के झाड़ोल रेफरल अस्पताल में बुधवार को उपचार करवाने पहुंचे एक पुस्तकालय प्रभारी को गंभीर स्थिति के बावजूद ईलाज मिलना तो दूर चिकित्सक ने धक्के देकर बाहर निकाल दिया ।
मामला गर्माने के बाद अस्पताल परिसर के कम्पाउण्ड में जमीन पर लिटा उसके इंजेक्शन लगाते हुए उदयपुर के लिए रेफर कर दिया गया । मरीज के सहकार्मिक उसे उदयपुर अस्पताल लेकर गए जहां इमरजेंसी वार्ड में उसका उपचार चल रहा हैं । बुधवार की घटना के विडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही आमजन ने इस रवैयें के खिलाफ कडी टिप्पणियां तक की । मामला उदयपुर जिले की आदिवासी बाहुल्य झाड़ोल तहसील क्षेत्र के एकमात्र रेफरल चिकित्सालय झाड़ोल सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का हैं ।
मुख्यालय के ही एक निजी शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में पुस्तकालय प्रभारी की नौकरी करने वाले देवी लाल पुत्र भंवर लाल गुर्जर को बुधवार सुबह एकाएक पेट दर्द प्रारंभ हो गया । अपने सहकार्मिक के साथ देवी लाल झाड़ोल अस्पताल पहुंचा जहां मौजूद चिकित्सक ने उसे इंजेक्शन लगाकर रवाना कर दिया ।
लगभग एक घंटे बाद भी दर्द कम होने की बजाय बढ़ते हुए असहनीय होने पर महाविद्यालय प्राचार्य उसे दौबारा इसी अस्पताल लेकर पहुंचे तो वहां मौजूद सीएचसी ईंचार्ज ने उसका उपचार करने की बजाय उदयपुर ले जाने की बात कह दी । दर्द से तड़पते देवी लाल ने उपचार करने की बात कही तो सीएचसी इंचार्ज ने आक्रोशित होते हुए उसे अस्पताल से बाहर निकालने का फरमान सुना दिया ।
सहकार्मिक उसे अस्पताल भवन से बाहर लेकर निकले किंतु असहनीय पीडा के चलते मरीज वहीं जमीन पर लेट गया । इसी दौरान अन्य ग्रामीण भी एकत्रित हो गए और आक्रोश व्यक्त करने लगे जिस पर सीएचसी इंचार्ज ने एक नर्सिंग स्टाफ को बुलवाकर एक ओर इंजेक्शन लगवाने के साथ ही दोबारा उदयपुर ही जाने की बात कह दी ।
महाविद्यालय प्राचार्य बी एल डांगी निजी वाहन से मरीज को उदयपुर लेकर गएं जहां एमबी चिकित्सालय की आपातकालीन इकाई में उसका अब भी उपचार चल रहा हैं । प्राचार्य बी एल डांगी ने बताया कि उदयपुर में उसकी कई तरह की जांच की गई व वर्तमान में भी स्थिति नाजुक बताई जा रही हैं ।
विडियो सोशल मीडिया पर वायरल
बुधवार को झाड़ोल अस्पताल में हुए घटनाक्रम को वहां मौजूद युवाओं ने मोबाईल विडियो के रूप मे केप्चर कर लिया । गुरूवार को ये दोनों विडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद से ही आमजन में चर्चा का विषय होने के साथ ही चिकित्सा विभाग के प्रति भी आक्रोश जताया जा रहा हैं ।