
उदयपुर. शहर में पिछले करीब एक सप्ताह में तीसरी बार फायरिंग की घटना सामने आई। हालांकि पुलिस ने हर बार आरोपियों को चंद घंटों में ही दबोच लिया। हर बार की घटना में समानता ये देखने में आई कि बदमाशों के गुट आपस में रंजिश निकाल रहे हैं। भले ही वे फायरिंग कर रहे हैं, लेकिन शहर की छवि बिगाड़ने में नाकामयाब हैं।
अंबामाता थाना क्षेत्र के मल्लातलाई में गुरुवार देर रात घरों के बाहर हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाने के मामले में पुलिस ने 12 घंटे में चार बदमाशों को दबोच लिया। आरोपियों ने रंजिश के चलते दो मकानों के बाहर शराब की बोतलें फेंकी और फायरिंग की थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और साइबर सेल की मदद से लोकेशन ट्रेस की। एक आरोपी को डबोक और तीन को भीलवाड़ा से पकड़ लिया। एसपी के निर्देश पर रेंज में ए-क्लास नाकाबंदी कराई गई। विशेष टीमों ने सीसीटीवी कैमरों और तकनीकी संसाधनों के जरिए आरोपियों की तलाश शुरू की। आरोपी इस्माइल उर्फ मनू उर्फ बड़ा मेवाती, समीर मेवाती उर्फ बिट्टू, ताज मोहम्मद उर्फ शेरा को गिरफ्तर किया, वहीं एक नाबालिग को डिटेन किया है।
घटना: रात 1.17 बजे की थी फायरिंग
बदमाशाों ने गुरुवार रात 1.17 बजे गरीब नवाज कॉलोनी मल्लातलाई निवासी मोहम्मद आरिफ और अरबाज खान के घर के बाहर फायरिंग हुई थी। बदमाशों ने आरिफ के मकान पर शराब की बोतल फेंकी और हवाई फायर किए। फिर अरबाज के घर के बाहर बोतलें फोड़ीं और हवाई फायर किए। वारदात के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया था।
डबोक और भीलवाड़ा से पकड़े
एएसपी सिटी उमेश ओझा, डीएसपी राजेश यादव ने बताया कि अंबामाता थानाधिकारी हुकम सिंह और डीएसटी प्रभारी भरत योगी की टीम ने कार्रवाई की। एक आरोपी को डबोक और तीन को भीलवाड़ा के छापरी गांव से पकड़ा। भीलवाड़ा में दबिश के दौरान एक नाबालिग आरोपी ने पुलिस से बचने के लिए महिलाओं के कपड़े पहन लिए थे।
चिरवा टनल के पास भागने की कोशिश
आरोपियों को उदयपुर लाते समय चिरवा टनल के पास तीन बदमाशों ने भागने का प्रयास किया। भागते समय संतुलन बिगड़ने से तीनों गड्ढे में गिर गए और उनके पैरों में गंभीर चोटें आईं। पुलिस ने तीनों को एमबी अस्पताल में भर्ती कराया है। आरोपियों को पकड़ने के दौरान कांस्टेबल फिरोज को भी चोटें आई है।
तीन माह पुरानी रंजिश बनी वजह
पूछताछ में पता चला कि तीन माह पहले अरबाज खान पिस्टल लेकर इस्माइल उर्फ बड़ा मेवाती के घर धमकाने गया था। उस दौरान पुलिस ने पिस्टल बरामद कर मामला दर्ज किया था। उस घटना का बदला लेने के लिए इस्माइल मौका तलाश रहा था। अरबाज को अंदेशा था, इसलिए वह सुरक्षा के लिए मोहम्मद आरिफ को साथ रखता था। आरिफ हष्टपुष्ट है, जिसे डराने और अरबाज से बदला लेने के इरादे से फायरिंग की गई।
इनका कहना है...
शहर की पर्यटन छवि नहीं बिगड़े इसके लिए पुलिस मुश्तैदी से काम कर रही है। गुंडागर्दी, हथियारों का प्रदर्शन और फायरिंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। अपराधियों की मदद करने वालों को भी नहीं बख्शा जाएगा।
डॉ. अमृता दुहन, एसपी उदयपुर