Mahakal Mandir Fraud Case: बाबा महाकाल मंदिर ठगी मामले की जांच अब ईडी भी करेगी। ईडी के अधिकारियों ने उज्जैन एसपी से फोन करके जानकारी मांगी है।
Mahakal Mandir Fraud Case: बाबा महाकाल मंदिर में शिवलिंग के करीब से दर्शन के नाम पर ठगी के बारे ईडी के अधिकारियों ने उज्जैन एसपी से जानकारी मांगी है। अधिकारियों ने आरोपियों के खिलाफ की गई एफआईआर और इनके पास मिली संपत्ति की जानकारी भी ली। इससे साफतौर पर संकेत मिल रहे हैं कि इस मामले की जांच ईडी करेगी।
महाकाल में भक्तों से ठगी की गैंग में अब तक पुलिस ने 11 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है। पुलिस की जांच में सामने आया कि भक्तों से ठगी की गैंग 90% लेनदेन नगद में करती थी। 10% लेनदेन ही ऑनलाइन किया जाता था। यह 10% लेनदेन भी रोज का 60 से 70 हजार रुपए है। ऐसे में पुलिस को अनुमान है कि ठगी का यह आंकड़ा 1 साल में ही 15 से 20 करोड़ के पार का है। हालांकि पिछले 3 महीने के आंकड़े पुलिस को चौंका रहे हैं जिसमें अब तक तीन से चार करोड रुपए की ठगी सामने आ चुकी है।
प्रोटोकॉल प्रभारी अभिषेक भार्गव,नदी मंडपम प्रभारी राकेश श्रीवास्तव, सफाई निरीक्षक विनोद चौकसे,सभा मंडपम प्रभारी राजेंद्र सिसोदिया, आईटी सेल प्रभारी राजकुमार सिंह, भस्म आरती प्रभारी रितेश शर्मा सहित क्रिस्टल के जितेंद्र पंवार और ओमप्रकाश माली शामिल है। इसके अलावा सबसे पहले इस मामले में पुरोहित अजय शर्मा, प्रतिनिधि राकेश भट्ट व सेवक कुणाल शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी और अमानत में ख़यानत का केस दर्ज किया था।
इस पूरे मामले पर एसपी प्रदीप शर्मा ने बताया कि ईडी के अधिकारियों ने जानकारी मांगी है। वह जल्द मामले की जांच शुरु करेंगे।