सिंहस्थ में श्रद्धालुओं की खूब होगी खातिरदारी

एक लाख लीटर छाछ और 40 हजार किलो घी विक्रय का अनुमान

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Oct 17, 2015
patrika
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उज्जैन. सिंहस्थ में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए दुग्ध संघ द्वारा तैयारी की जा रही है। वह समय गर्मी का रहेगा इसलिए दूध, घी, नमकीन म_ा, दही, सुगंधित दूध, श्रीखण्ड, लस्सी, पनीर, सादी छाछ, मावा, पेड़ा आदि दुग्ध उत्पादों का भंडारण अधिक मात्रा में किया जाएगा।

ऐसा सिंहस्थ में होगा पहली बार
उज्जैन दुग्ध संघ पहली बार सिंहस्थ में पनीर, मावा, पेड़ा, मिल्क केक आदि श्रद्धालुओं को उपलब्ध करवाएगा। इस कार्य के लिए आवश्यक अतिरिक्त मशीनरी संघ में स्थापित की जाएगी। सिंहस्थ के दौरान उज्जैन दुग्ध संघ का आंकलन है कि प्रतिदिन सामान्य दिनों में 60 हजार लीटर और शाही स्नान के दिनों में एक लाख लीटर दूध का विक्रय होगा। सिंहस्थ में शामिल होने वाले लाखों श्रद्धालुओं को देखते हुए मिल्क सप्लाई की विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है।

यह रहेगी विक्रय योजना
उज्जैन दुग्ध संघ के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने बताया सिंहस्थ में एक लाख लीटर नमकीन छाछ, 12 हजार किलो श्रीखण्ड, 26 हजार लीटर लस्सी, पांच हजार किलो दही, तीन हजार किलो पनीर, 20 हजार लीटर सादी छाछ, तीन हजार किलो मावा और दो हजार किलो पेड़ा विक्रय की योजना बनाई गई है। इसके लिए प्रत्येक झोन में एक वितरक नियुक्त किया जाएगा तथा 106 अस्थायी सांची पार्लर स्थापित किए जाएंगे। मांग अनुसार दुग्ध एवं दुग्ध पदार्थों, जिनमें सफेद मक्खन, सांची घी का उत्पादन एवं भण्डारण की व्यवस्था की जाएंगी। साथ ही आवश्यकता अनुसार पैकिंग मटेरियल एवं उपभोग सामग्री का क्रय करते हुए पूर्व से अनुबंधित बल्क मिल्क विक्रेताओं को दूध विक्रय निरन्तर जारी रखा जाएगा।
Published on:
17 Oct 2015 08:36 pm