11वीं व 12वीं की कक्षाएं नहीं हो रही संचालित
उमरिया. 25 वर्ष पूर्ण होने के बाद भी उमरिया जिला आज भी अपनी आधारभूत सुविधाओं से वंचित है। भले ही शासन और प्रशासन शिक्षा को लेकर बड़े-बड़े वादे करता रहा हो लेकिन आज भी जिला गुणवत्तायुक्त शिक्षा के अभाव से जूझ रहा है।
मामला जिला मुख्यालय में संचालित केंद्रीय विद्यालय का है जो विगत 13 वर्षों से अस्थाई भवन में संचालित हो रहा है जहां विद्यार्थियों को असुविधा के बीच अध्यापन करना पड़ रहा है। इतना ही नहीं यहां सिर्फ पहली कक्षा से लेकर 10वीं तक की कक्षाएं ही संचालित हो रहीं हैं। यहां 11वीं एवं 12वीं की कक्षाएं संचालित न होने से विद्यार्थियों को मजदूरी में नौरोजाबाद में एडमीशन लेना पड़ता है। जानकारी के अनुसार उमरिया में संचालित केंद्रीय विद्यालय को विगत चार-पांच वर्ष पूर्व कटनी रोड में हवाई पट्टी के पास भवन निर्माण के लिए भूमि आवंटित की गई थी। शहडोल संभाग की सांसद के सहयोग से विद्युत तार इत्यादि को हटाने का कार्य भी पूर्ण हो गया था। इतना ही नहीं भवन निर्माण की महत्वपूर्ण औपचारिकताएं भी पूर्ण हो पूर्ण हो गई थी और इस का टेंडर भी भोपाल से और बजट आवंटित हो चुका है।
राजस्व विभाग ने केंद्रीय विद्यालय को भूमि आवंटित भी कर दी लेकिन वन विभाग और राजस्व विभाग के आपसी समन्वय के अभाव में कोई ना कोई समस्या आज भी बनी हुई है। शैक्षणिक दृष्टि से पिछड़े जिले के लिए इस तरह की शैक्षणिक संस्थाएं जिनमें न्यूनतम शुल्क में उच्च गुणवत्तायुक्त अध्यापन विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित हो सकती है।