उन्नाव में तैनात एक सिपाही ने अपना वीडियो वायरल कर दो एसपी को गोली मारने की धमकी दी है। मामला सोनभद्र और जौनपुर से जुड़ा है। एसपी ने वायरल वीडियो को संज्ञान में लेते हुए सिपाही को निलंबित कर दिया और जांच बैठाई है।
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में एक सिपाही ने दो आईपीएस अधिकारियों को गोली मारने की धमकी दी। अपना वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। जिसमें उसने आप बीती सुनाई है। वायरल वीडियो में उसने यह भी बताया है कि आत्महत्या करने के लिए उसने कई रास्ते चुने हैं। इसके लिए उसने 30 पुलिस कर्मियों को दोषी बताया है। लेकिन मारने की बात केवल दो आईपीएस अधिकारियों की कर रहा है। वीडियो सामने आने के बाद एसपी ने सिपाही को सस्पेंड कर दिया है और जांच के आदेश दिए हैं।
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में तैनात कांस्टेबल अखिलेश यादव ने वीडियो वायरल किया है। वीडियो के शुरुआत में उसने अपना परिचय देते हुए बताया कि उसका शारीरिक मानसिक शोषण किया जा रहा है। सोनभद्र के अधिकारी पर उसने दलाली लेकर फर्जी मुकदमा लिखकर जेल भेजने का आरोप लगाया है। प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व अधिकारियों को घटना के संबंध में पूरी जानकारी दी गई है। न्याय ना मिलने के कारण उसने इच्छा मृत्यु की मांग की। आत्महत्या करने की बात की। जिसकी जांच स्थानीय अधिकारियों द्वारा की जा रही है।
अखिलेश ने बताया कि 172 पन्नों लिखा पड़ी, वीडियो, ऑडियो के साथ शिकायत की। जिस पर उसे आश्वासन दिया गया कि मुख्यमंत्री के पास उनकी शिकायत जाएगी। सस्पेंड होने के बाद अधिकारियों पर मुकदमा लिखा जाएगा। पिछले 9 महीने से मुझे गुमराह किया जा रहा है। इसलिए मैंने 30 बेईमान अधिकारियों को गोली मारने को सोचा। लेकिन 30 बेईमानों को गोली नहीं मार सकता। इसलिए एसपी सोनभद्र यशवीर सिंह और जौनपुर एसपी अजय पाल शर्मा को गोली मारने का निर्णय किया।
वीडियो सामने आने के बाद पुलिस महकमा में हड़कंप मच गया। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने सिपाही से बातचीत की। अखिलेश यादव ने बताया कि 2018 बैच का सिपाही है। उसकी पहली पोस्टिंग सोनभद्र पुलिस लाइन में हुई थी। जहां महिला सिपाही से मुलाकात हुई और दोनों में प्यार हो गया। 2020 में उन्होंने मंदिर में शादी कर ली। लेकिन यह संबंध ज्यादा दिन तक नहीं टिक सका और दोनों के बीच लड़ाई होने लगी।
अखिलेश के अनुसार उसे शक था कि उसकी पत्नी का किसी कांस्टेबल के साथ अफेयर चल रहा था। अगस्त 2021 में उसने तलाक दे दिया। इसके बाद भी विवाद थमने का नाम नहीं लिया। 16 अगस्त 2022 को अखिलेश यादव पर प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज किया गया। जांच में अखिलेश को दोषी पाया गया और उसे जेल भेज दिया गया। हालांकि 10 दिनों में ही सिपाही को जमानत मिल गई थी। अखिलेश की पत्नी की 13 मार्च 2023 को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जिसका मुकदमा भी अखिलेश पर लिखवाया गया। इधर अखिलेश यादव का वीडियो सामने आने के बाद एसपी ने कार्रवाई करते हुए उसे निलंबित कर दिया और जांच बैठाई है।