Hindu New Year 2082, Congratulations with sandalwood on forehead उन्नाव में चैत्र शुक्ल प्रतिपदा नव संवत्सर 2082 का स्वागत ढोल नगाड़ों से किया जा रहा है। देवी मंदिरों में पूजा अर्चना के लिए बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ रही है। इस मौके पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम भी किए गए हैं।
Hindu New Year 2082, Congratulations with sandalwood on forehead उन्नाव में हिंदू नव वर्ष का स्वागत ढोल-नगाड़ों के साथ किया गया। इस मौके पर राह चलते लोगों को चंदन का टीका लगाकर नए वर्ष की शुभकामनाएं दी गई। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा नव संवत्सर 2082 के आगमन पर देवी मंदिरों में भीड़ उमड़ रही है। आज प्रथम दिन बड़ी संख्या में भक्तों ने माता के सामने माथा टेका। बाईपास स्थित मां अन्नपूर्णा मंदिर, शुक्लागंज, स्टेशन रोड, नवाबगंज स्थित दुर्गा मंदिर, कुशहरी देवी में दूर-दूर से भक्ति गाना माता के दर्शन करने के लिए आ रहे हैं। आज ही घर-घर में कलश की स्थापना हुई। अखंड ज्योति भी चलाई जा रही है। इस मौके पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में चैत्र शुक्ल प्रतिपदा नव संवत्सर 2082 के आगमन पर देवी मंदिरों में खूब चहल-पहल है। नर सेवा नारायण सेवा हिंदू नव वर्ष का स्वागत विशेष रूप से कर रहा है। संस्था के सदस्य और पदाधिकारी आम लोगों, व्यापारियों को चंदन का टीका लगाकर राम नाम का अंग वस्त्र पहना बधाई दे रहा है। गांधीनगर तिराहे से बड़े चौराहे के बीच पैदल यात्रा करते हुए लोगों को शुभकामनाएं दी गई।
संस्था के संस्थापक विमल द्विवेदी ने बताया कि हिंदुओं में विशेष रूप से जागृत आई है। आज हिंदू समाज अपनी महान संस्कृति की तरफ फिर से आकर्षित हो रहा है। पूरी दुनिया सनातन संस्कृति को स्वीकार कर रही है। योग और आयुर्वेद का डंका पूरी दुनिया में बज रहा है।
परमपिता परमात्मा ब्रह्मा जी ने सृष्टि की संरचना की शुरुआत आज के दिन से ही की थी। कालांतर में जब शकों ने भारत पर आक्रमण किया। तो सम्राट विक्रमादित्य ने उन्हें पराजित किया और इसी के साथ विक्रम कैलेंडर की भी शुरुआत हुई। इस मौके पर हिंदू जागरण मंच के जिला संयोजक अजय त्रिवेदी, राकेश राजपूत, गायत्री परिवार से कमलेश बाजपेई, सुनील भदौरिया, योगेंद्र तिवारी सहित बड़ी संख्या में संस्था के पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं सहभागिता की।