उन्नाव

दिल्ली की बवाना फैक्ट्री में लगी आग में जिंदा जल गये थे उन्नाव के तीन युवक, अब हुआ खुलासा तो…

20 जनवरी को दिल्ली के इंडस्ट्रियल एरिया की एक पटाखा फैक्ट्री में आग लगने से 17 लोगों की जलकर मौत हो गई थी...

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Jan 22, 2018

उन्नाव. दिल्ली के बवाना औद्योगिक क्षेत्र में स्थित पटाखा फैक्ट्री में लगी आग में 17 मृतकों में उन्नाव के तीन युवक शामिल हैं। मृतक युवक रोजी रोटी कमाने के लिए दिल्ली गए थे। मौत की खबर जैसे ही गांव पहुंची। घर में कोहराम मच गया। मृतकों के परिजन आनन-फानन दिल्ली के लिए रवाना हो गए। हादसे के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतकों में दो मौसेरे भाई भी शामिल हैं। इस घटना में घायल एक अन्य जनपद निवासी को उपचार के लिए दिल्ली के स्वास्थ्य केन्द्र में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। सभी मृतक विगत शनिवार को ही रोजी रोटी की तलाश में दिल्ली गए थे, जहां शाम को यह हादसा हो गया। दिल्ली सरकार की ओर से मृतक परिजनों के लिए मुआवजे की घोषणा की गई है। गौरतलब है कि 20 जनवरी की शाम को दिल्ली के बवाना इंडस्ट्रियल एरिया में एक पटाखा स्टोरेज में आग लगाने से 17 लोगों की मौत हो गई थी।

मृतक सूरज और रोहित मौसेरे भाई थे
दिल्ली के बवाना औद्योगिक क्षेत्र में स्थित पटाखा फैक्ट्री में आग लगने से 17 लोगों की मौत हो गई थी। इनमें उन्नाव के तीन युवक शामिल थे। घटना की जानकारी परिजनों को दो दिन बाद मिली, जिसके बाद परिजन दिल्ली के लिए रवाना हुए।

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ये हो गये हादसे के शिकार
मरने वालों में संजीत उर्फ हिमांशु (20) पुत्र राममूर्ति, रोहित सिंह (18) पुत्र अजय चंद्र सिंह निवासीगण अजमत घड़ी हसनगंज व सूरज (20) पुत्र श्याम बिहारी निवासी टिकवामऊ हसनगंज शामिल हैं।

परिजनों ने बताया कि हिमांशु रोहित व सूरज तीनों ही युवक शनिवार की सुबह मजदूरी के लिए दिल्ली पहुंचे थे, लेकिन रात में ही यह हादसा हो गया। हादसे में रोहित का बड़ा भाई जो प्रकाश (25) भी गंभीर रूप से झुलस गया, उसे उपचार के लिए स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। इसके पूर्व उन्होंने दिल्ली पहुंचने की जानकारी अपने परिवारजनों को दी थी।

परिजन शव लेने के लिए दिल्ली रवाना
घटना की जानकारी जैसे ही गांव में पहुंची घर में कोहराम मच गया। ग्रामीणों का कहना था कि मृतक और घायल किसी दूसरी फैक्ट्री मैं कार्य करते थे। नौकरी छूट जाने के बाद सभी अपने गांव आ गए थे। मृतक रोहित का बड़ा भाई गुरु प्रकाश दिल्ली में काम कर रहा था, जिसने इन सभी को काम करने के लिए दिल्ली बुलाया था। रूप प्रकाश के बुलावे पर रोहित, सूरज और हिमांशु नौकरी करने के लिए दिल्ली गए थे। घर के लड़कों के साथ हुए हादसे की जानकारी मिलते ही कोहराम मच गया। परिवारीजनों में चीख पुकार मच गई। परिजन शव लेने के लिये दिल्ली रवाना हो गए।

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Published on:
22 Jan 2018 05:22 pm
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