
UP Politics News: अपने एक दिवसीय दौरे पर वाराणसी पहुंचे समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एमएलसी चुनाव में जीत को लेकर भाजपा पर तंज कसा है। इसके साथ ही काशी में सड़क पर जमे पानी का वीडियो शेयर करते हुए सरकार पर हमला बोला है। अखिलेश यादव ने कहा कि वाराणसी में स्नातक और शिक्षक सीट पर सपा ने जीत दर्ज की है और बाबा विश्वनाथ ने एक नहीं बल्कि दोहरा आशीर्वाद दिया है। उन्होंने मणिकर्णिका घाट पर कथित तौर पर की गई तोड़फोड़ और मूर्तियों से छेड़छाड़ को लेकर भी सरकार को घेरा है।
लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से बाहर निकालने के बाद सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा, "बाबा विश्वनाथ ने हमें दो बार आशीर्वाद दिया है। उन्होंने स्नातक सीट पर आशुतोष सिन्हा को जिताने में मदद की और शिक्षक सीट पर लाल बिहारी यादव की जीत भी सुनिश्चित की। इसीलिए मैं कहता हूं कि बाबा विश्वनाथ ने हमें दोहरा आशीर्वाद दिया है। हमारे अंदर कोई अहंकार नहीं है, लेकिन बीजेपी, जो लगातार 'डबल इंजन' सरकार, 'डबल स्पीड' और 'डबल विकास' की बातें करती थी, उसे 'दोहरी हार' और 'डबल जीरो' मिला है।" वहीं, सपा कार्यकर्ता के आवास जाने के दौरान सड़क पर जमे पानी का वीडियो शेयर कर अखिलेश ने लिखा, "ये है प्रधान नगरी वाराणसी में भाजपा के विश्वस्तरीय विकास के दावे का शर्म से पानी-पानी हो जाने का नजारा। क्योटो नहीं बना पाए तो ‘क्योटो की फोटो’ ही लगा देते।"
अखिलेश यादव ने कहा है कि बीजेपी के लोग एक हार भी मानने को तैयार नहीं थे। दोबारा गिनती होने के बाद, उन्हें दोहरी हार स्वीकार करनी पड़ी। डबल इंजन, डबल जीरो, दोहरी हार। ऐसा क्यों हुआ? सबको याद है कि उन्होंने बाबा विश्वनाथ की इस धार्मिक नगरी के साथ कैसा बर्ताव किया। उन्होंने कहा, "मणिकर्णिका घाट पर तोड़फोड़ से लेकर पाल समाज पर लाठीचार्ज तक। उन्होंने इस शहर की संस्कृति और विरासत को मिटाने की कोशिश की, और अब उन्हें जनता से इसका जवाब मिल गया है।"
वहीं, बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा, "सनातन धर्म को मानने वाले लोग इस मुद्दे पर चुप क्यों हैं? एक उपदेशक बार-बार ऐसे बयान दे रहे हैं, जिनसे हिंदू देवी-देवताओं का अपमान होता है। पहले भगवान कृष्ण के बारे में आपत्तिजनक बातें कही गईं और अब कहा जा रहा है कि भगवान राम के पिता के बारे में भी टिप्पणी की गई है। सनातन धर्म की रक्षा का दावा करने वालों के बुलडोजर कहां गायब हो गए हैं?" सपा सुप्रीमो ने कहा कि सनातन धर्म को मानने वालों को मांग करनी चाहिए कि ऐसे सभी उपदेशकों के कार्यक्रम रद्द किए जाएं।