Blackout In Kashi: आपातकालीन स्थितियों में रहने के उद्देश्य से कराए गए अभ्यास में ब्लैक आउट का असर वाराणसी में देखने को मिला। कहीं आधे घंटे तो कहीं 15 मिनट तक ब्लैक आउट रहा। अचानक सायरन की तेज आवाज आई, फिर पूरे एयरपोर्ट पर छा गया अंधेरा। इस दौरान 15 मिनट तक अफरा-तफरी रही।
Blackout In Kashi: ऑपरेशन सिंदूर के सफल होने के बाद काशी में एहतियात के तौर पर प्रशासन ने ब्लैकआउट ड्रिल की। सायरन बजते ही बाबतपुर एयरपोर्ट से लेकर रेलवे स्टेशनों, पुलिस लाइन परिसर, काशी विद्यापीठ परिसर में अलग-अलग समय पर अंधेरा छा गया।
बाबतपुर एयरपोर्ट पर 15 मिनट तक ब्लैक आउट किया गया। कार्यवाहक एयरपोर्ट निदेशक की मौजूदगी में एयरपोर्ट संपर्क मार्ग की लाइटें भी बंद की गई। यहां शाम 7 से 7:15 बजे तक ब्लैक आउट किया गया। वहीं, गोलघर पुरानी साड़ी मंडी में व्यापारियों ने रात 9 बजे ब्लैक आउट किया। पुलिस लाइन में रात 8.40 बजे ब्लैक आउट हुआ। काशी विद्यापीठ परिसर में बुधवार की देर शाम 7.30 बजे से 8.30 बजे तक अंधेरा छा गया। उधर, बरेका परिसर में रात 8 बजे से 8 बजकर 10 मिनट तक ब्लैक आउट हुआ। इसके साथ ही बरेका परिसर में रात्रि 8 बजे मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।
उधर, सुबह 6 बजे पुलिस लाइन में सायरन बजा। लोग सतर्क हो गए और खुद को सुरक्षित स्थान पर ले गए। पुलिस लाइन में बुधवार को एनडीआरएफ और सिविल डिफेंस की टीम ने हवाई हमले और बचाव का प्रदर्शन किया। लोगों को बचाव के तरीके बताए गए।
एनडीआरएफ की टीम ने घायलों को बाहर निकाला। गैस सिलिंडर में आग लगने और उसे बुझाने का प्रशिक्षण दिया । उप सेनानायक 11वीं वाहिनी राष्ट्रीय आपदा मोचन बल की मौजूदगी में रिजर्व पुलिस लाइंस कमिश्नरेट वाराणसी अवस्थित परेड ग्राउंड में गृह मंत्रालय भारत सरकार व उप शासन के निर्देश के क्रम में मॉक ड्रिल हुई।