चर्चित कफ सिरप तस्करी के प्रकरण में मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के करीबी वैभव जायसवाल को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि वैभव समाजवादी व्यापार सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का भतीजा है...
वाराणसी: कफ सिरप तस्करी के प्रकरण के मामले में वाराणसी की कोतवाली पुलिस और एसआईटी ने फरार मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के करीबी वैभव जायसवाल को गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि वैभव बर्तन कारोबारी है, इसके साथ ही समाजवादी व्यापार सभा के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप जायसवाल का भतीजा है। वैभव की गिरफ्तारी के बाद उसके चाचा प्रदीप जायसवाल ने कई खुलासे किए हैं।
कफ सिरप प्रकरण में फरार चल रहे मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के करीबी वैभव जायसवाल को पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि वह बर्तन कारोबारी है और हवाला के जरिए पैसे का लेनदेन किया करता था। पुलिस की मानें तो वैभव ने अब तक करोड़ों रुपए का हेरफेर किया है और शुभम के ब्लैक मनी को वाइट मनी में कन्वर्ट करने का जिम्मा वैभव के ही पास था।
एसआईटी और कोतवाली पुलिस ने ज्वाइंट ऑपरेशन में उसे गिरफ्तार किया। बताया जा रहा है कि वैभव शुभम जायसवाल के ब्लैक मनी को गोल्ड, साड़ी और अन्य चीजों की खरीद फरोख्त में इस्तेमाल कर उसे वाइट मनी में तब्दील कर दिया करता था। सूत्रों की मानें तो पुलिस को वैभव के हवाला कारोबार से सीधे जुड़े होने के पुख्ता सबूत भी मिले हैं।
वहीं, उसके समाजवादी व्यापार सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप जायसवाल के भतीजा होने पर प्रदीप जायसवाल ने सफाई दी है। प्रदीप जायसवाल ने कहा है कि वह किसी भी प्रकार के अवैध कारोबार के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि वह 6 भाई हैं और 2008 से ही उनके तीन भाइयों से उनका कोई संबंध नहीं है। यदि उनके भाई या उनके बच्चे किसी भी प्रकार से गलत काम में संलिप्त पाए जाते हैं तो वह उन्हें खुद से अलग करते हैं। उन्होंने कहा कि उनका उन लोगों से कोई संबंध नहीं है।
प्रदीप जायसवाल ने बताया कि क्योंकि मेरा नाम वैभव जायसवाल से जुड़ गया है, इसलिए मैं शासन या प्रशासन से अनुरोध करता हूं, यदि किसी भी तरह की पूछताछ के लिए मुझे बुलाया जाएगा तो मैं निसंदेह ही प्रशासन का इस मामले में सहयोग करूंगा।
दरअसल, कफ सिरप प्रकरण को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सांसद में यूपी सरकार की मंशा को लेकर कई सवाल खड़े किए थे। वहीं, वैभव जायसवाल की गिरफ्तारी के बाद से ही समाजवादी पार्टी से उसका कनेक्शन बताया जा रहा है। इसी को लेकर पार्टी के व्यापार सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अपनी बात रखी और कहा कि उनका वैभव से कोई लेना देना नहीं है।