
वाराणसी. कैंट थाना क्षेत्र के कैंटोमेंट स्थित जेएचवी डबल मर्डर का मुख्य आरोपी आलोक उपाध्याय को सोमवार को क्राइम ब्रांच व पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। कैंट रेलवे स्टेशन से पुलिस ने मुख्य आरोपी को पकड़ा है। मुख्य आरोपी के पकड़े जाने से पुलिस को बड़ी राहत मिल गयी है जल्द ही इस मामले में बचे हुए दो हत्यारे भी कानून के शिकंजे में होगे। आरोपी को पकडऩे में क्राइम ब्रांच प्रभारी भी घायल हो गये हैं दूसरी तरफ आरोपी के पिता अवधेश उपाध्याय ने कैंट थाना में अपने बेटे को एनकाउंटर में मारने की साजिश रचने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया।
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31 अक्टूबर को जेएचवी मॉल में हुए डबल मर्डर के बाद से पुलिस ने काशी विद्यापीठ के छात्र व मुख्य आरोपी आलोक उपाध्याय को खोजने के लिए सारी ताकत लगा दी थी। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी अपने अधीनस्थों पर इस मामले में खुलासे के लिए दबाव बनाया हुआ था। इसी बीच क्राइम ब्रांच प्रभारी विक्रम सिंह व पूर्व कैंट थाना प्रभारी राजीव रंजन उपाध्याय को मुखबिर से सूचना मिली की आलोक उपाध्याय अपने पिता के साथ फरक्का एक्सप्रेस से बिहार से लखनऊ जा रहा था। सोमवार की सुबह लगभग 11 बजे क्राइम ब्रांच व कैंट पुलिस ने स्टेशन पर जाकर फरक्का एक्सप्रेस के कोच नम्बर एस-5 से आलोक को पकड़ लिया। आलोक उपाध्याय ने भागने का प्रयास किया लेकिन पुलिस की गिरफ्त से बच नहीं पाया। आलोक को पकडऩे में क्राइम ब्रांच प्रभारी चोटिल हो गये। पुलिस जब आलोक को पकड़ कर ले जा रही थी तो साथ में मौजूद उसके पिता अवधेश उपाध्याय ने हंगामा कर दिया। इसके बाद पुलिस आलोक व उसके पिता को साथ लेकर कैंट स्टेशन से निकली और रास्ते में पिता को वाहन से उतार दिया। इसके बाद क्राइम ब्रांच व पुलिस किसी अज्ञात स्थान पर ले जाकर आलोक से पूछताछ कर रही है ताकि बचे हुए दो बदमाश ऋषभ व कुंदन का पता किया जा सके।
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काम आयी पुलिस की रणनीति, पिता को छोड़ा तो बेटा लगा हाथ
डबल मर्डर करने के बाद से आलोक फरार हो गया था उसके लोकेशन अलग-अलग स्थान पर मिल रहा था। पुलिस ने पिता को थाने पर बुला कर काफी पूछताछ की थी इसके बाद पुलिस ने खास रणनीति बनायी। पुलिस ने आलोक के पिता को छोड़ दिया। सूत्रों की माने तो ४ नवम्बर को आलोक ने अपने पिता को फोन किया और कहा कि पुलिस उसका एनकाउंटर कर देगी। इसके बाद आलोक के पिता मुगलसराय से ट्रेन पकड़ कर बिहार के आरा पहुंच जाते हैं वहां पर लखनऊ में आलोक के सरेंडर कराने की सारी बात हो जाती है इसके बाद आलोक व उसके पिता फरक्का एक्सप्रेस से लखनऊ जाने के लिए निकल जाते हैं। आलोक ने जब अपने पिता को फोन किया था तो क्राइम ब्रांच व पुलिस को उसका सुराग मिल गया था इसी आधार पर आलोक रेलवे स्टेशन से पकड़ा गया।
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पिता ने किया कैंट थाने पर हंगामा, कहा एनकाउंटर में बेटे की लेना चाहती है जान
अवधेश उपाध्याय को लगा कि क्राइम ब्रांच व पुलिस उसके बेटे को ले गयी है और एनकाउंटर कर देगी। इसके बाद अवधेश उपाध्याय ने कैंट थाने में कुछ वकीलों के साथ हंगामा कर दिया। अवधेश उपाध्याय का कहना था कि उसके बेटे ने किसी की हत्या नहीं की है। जेएचवी मॉल के कर्मचारी ही उसके बेटे को पीट कर अधमरा कर दिये थे उसके बेटे ने गोली नहीं चलायी थी। अवधेश उपाध्याय ने कहा कि यदि उसके बेटे को कुछ हो जाता है तो वह कानूनी लड़ाई लड़ेगा।
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दीपावली से पहले पुलिस को मिली बड़ी राहत
जेएचवी मॉल डबल मर्डर ने पुलिस को बैकफुट पर ला दिया था। सीएम योगी आदित्यनाथ से लेकर डीजीपी ओपी सिंह लगातार इस मामले की प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा कर रहे थे जिसके चलते एडीजी, आईजी से लेकर एसएसपी ने पुलिस व क्राइम ब्रांच पर दबाव बनाया हुआ था। १२ नवम्बर को पीएम नरेन्द्र मोदी का आगमन होना है और उससे पहले सीएम योगी आदित्यनाथ आने वाले हैं ऐसे में पुलिस ने मुख्य आरोपी को पकड़ कर बड़ी राहत पायी है।
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