वाराणसी

BHU के वैज्ञानिकों का दावा, जिनको हुआ कोरोना, उनके लिए वैक्सीन ही एक डोज जी काफी

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (Banaras Hindu University) के वैज्ञानिकों ने अपने रिसर्च में यह पाया है कि कोरोना संक्रमित होकर ठीक हुए शख्स के लिए कोविड वैक्सीन की एक डोज ही काफी है।
2 min read
Jun 01, 2021
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों का दावा, जिनको हुआ कोरोना, उनके लिए वैक्सीन ही एक डोज जी काफी
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों का दावा, जिनको हुआ कोरोना, उनके लिए वैक्सीन ही एक डोज जी काफी

वाराणसी. बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (Banaras Hindu University BHU) के वैज्ञानिकों ने अपने रिसर्च में यह पाया है कि कोरोना संक्रमित होकर ठीक हुए शख्स के लिए कोविड वैक्सीन की एक डोज ही काफी है। वैज्ञानिकों का दावा है कि कोरोना संक्रमण से उबरने वाले लोगों में वैक्सीन की पहली डोज 10 दिन के अंदर पर्याप्त एंटीबॉडी बना देती है। बीएचयू वैज्ञानिकों के मुताबिक चूंकि ऐसे व्यक्ति के अंदर वायरस के खिलाफ पहले से एंटीबॉडी मौजूद रहती है और वैक्सीन की एक खुराक के बाद अधिक एंटीबॉडी बनती है, जो संक्रमण से लड़ने में कारगर होती है। जो एक भी बार कोरोना वायरस से संक्रमित नहीं हुए हैं उनमें कोविड वैक्सीन लगने के बाद एंटीबॉडी बनने में 3 से 4 हफ्ते का समय लगता है।

बीएचयू के वैज्ञानिकों ने किया रिसर्च

बीएचयू के वैज्ञानिकों ने अपने रिसर्च (BHU Scientist Research) को आधार बनाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर सुझाव दिया है कि कोरोना से ठीक हो चुके लोगों के लिए वैक्सीन की एक डोज ही जरूरी रखें। वैज्ञानिकों के मुताबिक देश में अब तक 2 करोड़ से अधिक लोग कोविड संक्रमण को मात दे चुके हैं। ऐसे में अगर इन्हें केवल एक डोज ही लगाई जाए तो वैक्सीन की कमी दूर होगी और ज्यादा से ज्यादा लोगों का टीकाकरण हो सकेगा।

BHU के वैज्ञानिकों का दावा

बीएचयू के प्रोफेसर्स ने 20 लोगों पर एक पायलट स्टडी की है। नेचुरल एंटीबॉडी की भूमिका और इसके फायदों पर रिसर्च किया गया। रिसर्च में यह बात सामने आई कि कोरोना से ठीक हुए लोगों में तेजी से एंटीबॉडी बनी और इसमें सिर्फ 10 दिन का समय लगा। जबकि सामान्य लोगों में दोनों डोज के 21 से 28 दिन में एंटीबॉडी बनी।

BHU के रिसर्च की खास बातें

- कोरोना से ठीक होने के बाद वैक्सीन की एक डोज ही काफी होगी

- कोरोना से रिकवर हुए लोगों में 10 दिन में बन जाती है एंटीबॉडी

- कोरोना नहीं हुआ, तो दोनों डोज के 3-4 हफ्ते बाद एंटीबॉडी बनेगी

- कोरोना से ठीक होने वालों में कुछ महीनों तक रहती है एंटीबॉडी

Updated on:
01 Jun 2021 07:04 am
Published on:
01 Jun 2021 07:04 am
Also Read
View All
सावन में काशी आने वाली महिला कांवड़ियों के लिए विशेष व्यवस्था, फीडिंग और अलग से ठहरने का इंतजाम, अमानती घर की भी सुविधा

गाय को राष्ट्रमाता का मिले दर्जा, संतों ने वाराणसी में डीएम कार्यालय का किया घेराव, बुलडोजर से 5 लाख हस्ताक्षर वाला ज्ञापन लेकर पहुंचे

‘मंत्री का इस्तीफा देना सिस्टम को बदलने की गारंटी नहीं, इससे जवाबदेही जरूर तय होती है’, छात्र आंदोलन पर बोले स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद

पोस्टमैन से मंगवाते थे एटीएम-चेकबुक, फिर साइबर ठगों को बेच देते थे: वाराणसी में महिला सरगना समेत 6 गिरफ्तार

Varanasi Anti Romeo Squad: वाराणसी स्टेशन के बाहर राहगीरों को अश्लील इशारे करना पड़ा भारी, एंटी रोमियो टीम ने दो महिलाओं को किया गिरफ्तार