वाराणसी

सिपाही की पत्नी ने एडीजी कार्यालय में खाया जहर, पुलिस प्रशासन में मचा हड़कंप

भदोही में हेड कांस्टेबल है महिला का पति, पारिवारिक विवाद के चलते उठाया यह कदम
2 min read
• •
Updated: 30 Oct 2019, 3:40 PM IST
Sipahi wife
Sipahi wife

वाराणसी. एडीजी जोन बृजभूषण के कार्यालय में उस समय हड़कंप मच गया जब फरियाद लेकर आयी एक महिला ने विषाक्त पदार्थ खाकर जान देने की कोशिश की। महिला के जहर खाने की जानकारी मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। एडीजी कार्यालय की पुलिस ने तत्पतरा दिखाते हुए महिला को दीनदयाल राजकीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां पर उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है। महिला के जहर पीने के पीछे पारिवारिक विवाद बताया जा रहा है।
यह भी पढ़े:-BIG BREAKING- मोमोज विक्रेता ने गर्भवती पत्नी व दो बच्चों के साथ आत्महत्या की, पुलिस को मिला सुसाइड नोट

IMAGE CREDIT: Patrika

बलिया के नरही निवासी कमला देवी अपने बेटे श्यामजी यादव के साथ बुधवार की सुबह एडीजी कार्यालय पहुंची थी। महिला पहले भी यहां पर फरियाद लगा चुकी है। एडीजी कार्यालय में जाने के थोड़ी देर बाद महिला ने विषाक्त पदार्थ खा लिया। महिला के जहर खाने की जानकारी मिलते ही पुलिस सक्रिय हो गयी और उसे इलाज के लिए राजकीय अस्पताल में भती कराया गया। अस्पताल में कमला देवी के छोटे बेटे श्यामजी यादव ने बताया कि उसका पिता भरत प्रसाद यादव भदोही में हेड कांस्टेबल पद पर तैनात है जो 31 अक्टूबर को रिटायर हो जायेगा। पिछले १५ साल से पिता घर नहीं आये हैं और उनके दूसरे महिला से संबंध है। बेटे का आरोप है कि लंबे समय से पिता ने भरण पोषण नहीं देते हैं, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति बेहद खराब है। मां कई बार पिता से पैसे दिलवाने के लिए एडीजी कार्यालय का चक्कर लगा चुकी है लेकिन पैसा नहीं मिल पाया। बेटे का आरोप है कि पिता ने सारे पैसे निकाल लिये हैं और उसकी मां को नामांकित भी नहीं किया है जिससे उन्हें हक नहीं मिल पायेगा। बेटे का कहना है कि उसे नहीं पता था कि मां अपने साथ विषाक्त पदार्थ लेकर आयी है। दूसरी तरफ महिला को 1991 से 900 रुपये हर्जाना मिलने की बात भी सामने आ रही है जिसको बढ़ाने के लिए महिला परेशान थी। कोर्ट से ही यह राशि बढ़ायी जा सकती थी।
यह भी पढ़े:-ग्रिल में फंसा था अजगर, देखने वालों की लगी ऐसी भीड़ की पुलिस को खाली कराना पड़ा रास्ता

Published on: