क्या होता है एल नीनो और एल नीना लानीना से ठंड का क्या है संबंध
वाराणसी. नवंबर का महीना शुरू होते ही तापमान में गिरावट तेज हो गई है और इसके साथ ही ठंड का असर भी बढ़ने लगा है। पिछले कुछ दिनों से न्यूनतम तापमान के साथ ही अधिकतम तापमान में भी कमी आयी है। मौसम विभाग का कहना है कि ला नीना के कमजोर होने से इस बार ज्यादा ठंड पड़ेगी। क्या आप जानते हैं कि 24 घंटे में सबसे कम और सबसे अधिक तापमान कब होता है? ला नीना और एल नीनो क्या होता है? हम आपको बताते हैं मौसम से जुड़ी ऐसी ही कुछ रोचक बातें।
मौसम की जानकारी हर कोई रखना चाहता है, लेकिन मौसम विभाग की शब्दावलियां हर किसी के समझ में नहीं आतीं। इसके अलावा अगर ज्यादा जानकारी न हो तो मौसम विज्ञानियों की बतायी बातें समझना भी काफी मुश्किल भरा होता है। सर्दी का मौसम बस शुरू ही होने वाला है और तापमान तेजी से गिरेगा। पर शायद आप न जानते हों कि सबसे न्यूनतम तापमान कब होता है। मौसम विज्ञानी एसएन पाण्डेय के मुताबिक मौसम विभाग सूर्योदय के 20 मिनट बाद के तापमान को न्यूनतम तापमान के रूप में रिकाॅर्ड करता है, जबकि दोपबर 12 से दो से ढाई घंटे बाद अधिकतम तापमान दर्ज किया जाता है। यानि कि दोपहर के 2 से 2.30 के बीच अधिकतम तापमान रिकाॅर्ड होता है।
क्या होता है ला नीना और एल नीनो
मौसम विज्ञानियों के मुताबिक ला नीना और एल नीनो एक समुद्री प्रक्रिया है। ला नीना एल नीनो का उल्टा होता है। ला नीना में समुद्र का पानी ठंडा होना शुरू हो जाता है और इसके चलते ठंड बढ़ती है। ला नीना और एल नीनो की मौसम का रुख तय करने में बड़ी भूमिका होती है। दोनों का भारती माॅनसून पर गहरा असर पड़ता है। एल नीनो ला नीना के विपरीत होता है। इसमें समुद्र का पानी गरम होता है और उसके प्रभाव से गर्म हवाएं चलती हैं, जिससे गर्मी बढ़ती है।