वाराणसी

महिलाएं भूलकर भी इन मामूली लक्षणों को न करे नजरअंदाज, नहीं तो हो सकता है गर्भाशय कैंसर

Ovairian Cancer : इसका कैंसर का जल्दी पता नहीं लगता है। इसलिए इसे साइलेंट किलर कहते हैं।
2 min read
• •
Updated: 25 Jul 2018, 3:53 PM IST
ovarian cancer
गर्भाशय कैंसर

वाराणसी. कैंसर एक जानलेवा बीमारी है। कैंसर कई प्रकार का होता है। स्तन कैंसर, बोन कैंसर, स्किन कैंसर उसी में एक कैंसर है गर्भाशय कैंसर (ovarian cancer )। महिलाओं में अन्य कैंसरों की तुलना में ऑवेरियन कैंसर से मृत्यु की संभावना अधिक होती है। इस कैंसर का जल्दी पता नहीं चल पाता इसीलिए इसे साइलेंट किलर भी बोलते है।

गर्भाशय कैंसर उन महिलाओं में तेजी से फैलता है जो 50 वर्ष से अधिक हैं। यह ओवरी के कुछ भागों और उसके आस पास के भागों को प्रभावित कर सकता है। गर्भाशय कैंसर आंतड़ियों, मूत्राशय, लिम्फ नोड्स, पेट, लिवर और फेफड़ों को प्रभावित करता है। महिलाओं में अन्य कैंसरों की तुलना में ऑवेरियन कैंसर से मृत्यु की संभावना अधिक होती है।

गर्भाशय कैंसर के लक्षण

फैमिली हिस्ट्री, 50 वर्ष के बाद मीनोपॉज होना, जल्दी मासिक धर्म आना, स्मोकिंग (धूम्रपान), कुछ दवाईयां, पीसीओएस का इतिहास होना और मोटापा आदि गर्भाशय कैंसर के कारण हो सकते हैं।

ओवेरियन कैंसर का निदान

ये लक्षण बहुत देर से दिखाई देते हैं। कभी कभी ये लक्षण विशिष्ट नहीं होते और यही कारण है कि ओवेरियन कैंसर को साइलेंट किलर भी कहा गया है। इस लेख में गर्भाशय कैंसर के कुछ प्रारंभिक लक्षण बताये गए हैं। कुछ ऐसे मेडिकल टेस्ट या स्क्रीनिंग होती हैं जिनके द्वारा आप गर्भाशय कैंसर का पता लग सकता है।


1. कष्टप्रद या असुविधाजनक संभोग
इस लक्षण को डायसपरयूनिया कहा जाता है। ओवरी में ट्यूमर होने के कारण संभोग करते समय बहुत दर्द होता है।

2. पेशाब संबंधी आदतों में परिवर्तन
यदि पेशाब संबंधी आदतों में अचानक बदलाव आने लगे तो यह ओवेरियन कैंसर का लक्षण हो सकता है। इसके अलावा आप अन्य परिवर्तन भी देख सकते हैं जैसे लगातार पेशाब आना, पेशाब में खून आना या मूत्राशय पर नियंत्रण न रहना।

3. वजाइनल असामान्यता
ब्लड स्पॉटिंग या मीनोपॉज के बाद ब्लीडिंग होना ओवेरियन कैंसर का खतरनाक लक्षण है। ऐसा तब होता है जब कैंसर आसपास के उतकों तक फ़ैल जाता है।

4. सांस लेने में तकलीफ होना
ओवेरियन कैंसर के कारण पेट में तरल पदार्थ बनता है जो पेट की लाइनिंग को परेशान करता है। इससे इस क्षेत्र में दबाव बढ़ जाता है जिसके कारण सांस लेने में तकलीफ होती है। यह भी ऑवेरियन कैंसर का एक लक्षण है।


5. हमेशा थकान महसूस होना
हमेशा थकान महसूस होना या सामान्य से अधिक नींद आना भी एक समस्या है और यह ऑवेरियन कैंसर का एक प्रारंभिक लक्षण है।

6. मल त्याग में परिवर्तन आना
जब ट्यूमर बढ़ता है तो यह पेट, मूत्राशय और छोटी अंत पर दबाव डालता है। इससे मल त्याग की आदतों में परिवर्तन आता है। यह ओवेरियन कैंसर का प्रारंभिक लक्षण है।


7. पीठ के पिछले हिस्से में दर्द
ओवेरियन कैंसर के कारण महिलाओं में पीठ में पीछे नीचे की ओर दर्द होता है जो श्रोणि क्षेत्र तक जाता है। समय के साथ यह दर्द बढ़ता है और बहुत अधिक तकलीफ देता है।


8. पेट जल्दी भर जाना
भूख कम लगना या थोडा सा खाने के बाद ही पेट भर जाना भी ओवेरियन कैंसर का एक लक्षण है। इससे थकान और वज़न कम होने के समस्या होती है।

9. पेट में सूजन या पेट फूलना
यदि आप 50 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिला हैं तो पेट के निचले भाग में पेट फूलना, अपचन, गैस बनना, मितली और हार्टबर्न आदि लक्षण ओवेरियन कैंसर के हो सकते हैं।


10. श्रोणि में दर्द
ऑवरी में होने वाले ट्यूमर के कारण श्रोणि में दर्द होता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि ट्यूमर का दबाव ओवरी और इसके आसपास के अंगों पर पड़ता है। यदि यह दर्द बना रहता है तो यह ऑवेरियन कैंसर का लक्षण हो सकता है।

Updated on:
25 Jul 2018, 3:53 PM IST
Published on:
Also Read
View All
एयर शो में शामिल होने काशी पहुंचे रक्षा मंत्री और सीएम योगी, रविवार को आएंगे पीएम, जानें क्या है कार्यक्रम

‘सिर्फ इज्जत बचाने के लिए ऐसे बयान दे रही सपा’, एमएलसी चुनावों पर अखिलेश के आरोपों पर बरसे बृजेश पाठक

Air Show: कड़ी धूप के बीच ‘शौर्य की उड़ान’ देखने पहुंचे लोग, ‘सारंग’ की चमक से पटा सोशल मीडिया, महिला पायलट्स की तारीफ

‘जब बीजेपी समर्थक झगड़े पर उतारू हो जाएं तो समझ लीजिए उनका कैंडिडेट हार रहा’, सपा एमएलसी से धक्का-मुक्की पर सांसद विरेंद्र सिंह

‘रागिनी सोनकर खुद बीजेपी जॉइन करना चाहती हैं’, सपा विधायक के धमकाने के आरोप पर एमएलसी धर्मेंद्र सिंह