पुलिस ने कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर अनुसूचित जाति जनजाति कल्याण थाने में बैठाया...
विदिशा। एससी एसटी एक्ट को लेकर पिछले दिनों किए गए भारत बंद के बाद अब भी इस एक्ट का विरोध जारी है। इसी के चलते सोमवार को विदिशा पहुंचे सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग को सपाक्स के कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाए। इस दौरान वे इस एक्ट के विरोध में नारेबाजी भी कर रहे थे। भाजपा के कद्दावर नेता सारंग को काले झंडे दिखाने व विरोध के चलते पुलिस ने 10 सपाक्स कार्यकर्ता को गिरफ्तार कर लिया। जिसके बाद गिरफ्तार किए कार्यकर्ताओं को अनुसूचित जाति जनजाति कल्याण थाने में रखा गया है।
ज्ञात हो कि एससी एसटी एक्ट संशोधन को लेकर सरकार द्वारा लिए गए निर्णय के बाद पूरे देश में इसे लेकर विरोध के स्वर सामने आ रहे हैं। जिसके चलते लोगों द्वारा पहले सांसदों और अन्य नेताओं का विरोध किया गया और उसके बाद 6 सितंबर को यानि गुरुवार को बन्द बुलाया। इस दौरान मध्यप्रदेश के कई जिलों में भी सवर्ण समाज का विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। विरोध के दौरान विदिशा में भी लोग सड़कों पर उतर आए। वहीं इस बंद के बाद अब तक सरकार के आदेश वापस नहीं लिए जाने के चलते प्रदेश में अब भी इसका विरोध देखने को मिल रहा है।
सवर्ण समाज के बंद के दौरान विदिशा में सुबह सात बजे से ही बंद का असर देखने मिल गया था। पूरा बाजार बंद, पेट्रोल पंप बंद व सड़के वीरान नजर आ रही थी। शहर में हो रही बारिश के बावजूद भी बंद समर्थकों के कदम रूके नहीं। वे यहां जय सपाक्स के नारे लगा रहे है। बंद सर्मथकों ने कोट्स वाली टीशर्ट पहनी हुई है। जिसमें हम हैं माई के लाल लिखा है। युवा वर्ग पूरी तरह विरोध पर उतर आई हैं। वे नारेबाजी कर रही सही दुकानों को बंद करवा रहे है। उनके विरोध का स्तर बढ़ा हुआ है।
विधायक को घेरा
बंद समर्थकों ने विदिशा में विधायक के घर को पूरी तरह घेर लिया था। विधायक जब घर के बाहर निकले तो उनसे एससी एसटी एक्ट पर सवाल पूछे। विधायक ने जब सवाल का जवाब देते हुए कहा कि मैं इस पर कुछ नहीं कहना चाहता। इसके बाद सर्मथकों ने विधायक मुर्दाबाद के नारे लगाना शुरू किए और बमुश्किल उन्हें अंदर जाने दिया।