
आतंकी संगठन हमास (Hamas) के खिलाफ इज़रायल (Israel) की सैन्य कार्रवाई की वजह से गाज़ा (Gaza) की जनता को भारी कीमत चुकानी पड़ रही है। इज़रायली सेना लगातार गाज़ा और आसपास के इलाकों में हमले कर रही है, जिससे जान-माल का नुकसान हो रहा है। इतना ही नहीं, इस वजह से ज़रूरत की कई चीज़ों की कमी भी हो रही है। फ्यूल और दवाओं की कमी के बीच गाज़ा का हेल्थ सिस्टम पूरी तरह ठप होने की कगार पर, जिसकी जानकारी स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी है।
गाज़ा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से तुरंत मदद की अपील की है। मंत्रालय ने अंतर्राष्ट्रीय चुप्पी को शर्मनाक बताया है और कहा है कि अगर उनकी मदद नहीं की गई, तो उनका हेल्थ सिस्टम पूरी तरह से ठप हो जाएगा।
एक बयान में स्वास्थ्य मंत्रालय ने इज़रायल पर गाज़ा में मेडिकल मदद पहुंचाने के दावों को बढ़ा-चढ़ाकर बताने का आरोप लगाया। मंत्रालय का कहना है कि असल में जो मदद पहुंच रही है, वो बहुत कम है और अस्पतालों की कम से कम ज़रूरतों को भी पूरा नहीं कर पा रही है।
मंत्रालय ने बताया कि अस्पतालों में फ्यूलकी भारी कमी है और 70% से ज़्यादा बैकअप जनरेटर अब काम नहीं कर रहे हैं। इज़रायली सेना की घेराबंदी के कारण स्पेयर पार्ट्स और टायरों पर लगी रोक से पब्लिक ट्रांसपोर्ट लगभग बंद हो गया है, जिससे सैकड़ों डॉक्टर, नर्स और टेक्नीशियन अपने काम की जगह तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। इस वजह से गाज़ा के हेल्थ सेंटर और ज़्यादा अलग-थलग पड़ गए हैं।
मंत्रालय ने दवाओं और मेडिकल सामान की भारी कमी, डायग्नोस्टिक मशीनों के खराब होने और विदेश में इलाज की ज़रूरत वाले मरीजों और घायलों के लिए रास्ते बंद होने का भी ज़िक्र किया। मंत्रालय ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC), विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और OCHA से तुरंत कदम उठाने की अपील की। मंत्रालय ने कहा कि फ्यूल और मेडिकल सामान के बिना हर गुज़रते मिनट के साथ और ज़्यादा मौतें होने का खतरा है। साथ ही मंत्रालय ने बिना किसी शर्त के इज़रायली घेराबंदी हटाने और बॉर्डर क्रॉसिंग खोलने की भी मांग की।