वैज्ञानिकों ने ऐसा तरीका ढूंढ निकाला है जिससे हार्ड ड्राइव का काम कांच से किया जा सकेगा। कैसे? आइए जानते हैं।
टेक्नोलॉजी तेज़ी से बदलती जा रही है और समय के साथ ज़्यादा एडवांस हो रही है। समय-समय पर वैज्ञानिक टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में नई-नई खोजें करते रहते हैं। दुनिया में तेज़ी से बढ़ते डिजिटल डेटा के बीच माइक्रोसॉफ्ट ने कांच में हजारों वर्षों तक डेटा सुरक्षित रखने की नई टेक्नोलॉजी विकसित की है। कंपनी की रिसर्च यूनिट ‘प्रोजेक्ट सिलिका’ के तहत वैज्ञानिकों ने ऐसा तरीका खोजा है, जिससे ठोस कांच के भीतर अल्ट्रा-फास्ट लेज़र की मदद से डेटा स्टोर किया जा सकेगा।
वैज्ञानिकों के अनुसार इस टेक्नोलॉजी से संग्रहित डेटा 10,000 साल तक सुरक्षित रह सकता है। एक छोटे से कांच के टुकड़े में लगभग 20 लाख किताबों के बराबर जानकारी स्टोर की जा सकती है।
पारंपरिक हार्ड ड्राइव, मैग्नेटिक टेप और एसएसडी समय के साथ खराब हो जाते हैं, जिसे ‘डेटा रॉट’ कहा जाता है। इससे डेटा को बार-बार कॉपी करना पड़ता है। 'प्रोजेक्ट सिलिका' के रिसर्च डायरेक्टर के अनुसार कांच, हार्ड ड्राइव की तरह काम करेगा, लेकिन इसमें स्टोर किया जाने वाला डेटा पारंपरिक स्टोरेज की तरह नष्ट नहीं होता, इसलिए यह दीर्घकालिक समाधान हो सकता है।
फेम्टोसेकंड लेज़र से कांच के भीतर सूक्ष्म 3डी संरचनाएं यानी ‘वॉक्सेल’ बनाए जाते हैं, जो डिजिटल जानकारी दर्शाते हैं। यह रिसर्च हाल ही में पत्रिका ‘नेचर’ में प्रकाशित हुआ है। माइक्रोसॉफ्ट 2019 में ‘सुपरमैन’ फिल्म को कांच में सुरक्षित कर इस टेक्नोलॉजी का परीक्षण कर चुका है। यह टेक्नोलॉजी भविष्य में सरकारों और संस्थानों के लिए डेटा संरक्षण में क्रांतिकारी साबित हो सकती है।