
Houthi Rebels Wing Loong II Drone: यमन के हूती विद्रोहियों ने बुधवार को दावा किया कि उनकी सेना ने ताइज प्रांत के मोचा इलाके के ऊपर एक चीनी निर्मित ‘विंग लूंग II’ सशस्त्र ड्रोन को मार गिराया है। इसको लेकर हूती प्रवक्ता याह्या सरी ने टेलीग्राम पर एक बयान जारी कर जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह ड्रोन सऊदी अरब का था और कथित तौर पर ‘शत्रुतापूर्ण मिशन’ पर था।
प्रवक्ता सरी ने कहा कि यमनी सशस्त्र बलों ने सऊदी अरब के इस ड्रोन को हथियारों से निशाना बनाकर नष्ट कर दिया। उन्होंने दावा किया कि ड्रोन को मोचा के ऊपर सैन्य अभियान के दौरान मार गिराया गया।
‘विंग लूंग II’ चीन में विकसित एक मीडियम-एल्टीट्यूड, लॉन्ग-एंड्योरेंस (MALE) श्रेणी का मानवरहित हवाई वाहन (UAV) है। इसे चीन की एविएशन इंडस्ट्री कॉरपोरेशन ऑफ चाइना (AVIC) ने बनाया है। यह ‘विंग लूंग I’ का अपडेट वर्जन है और निगरानी के साथ-साथ सशस्त्र अभियानों के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
हूतियों के इस दावे के बीच G7 देशों के विदेश मंत्रियों ने यमन में जारी हूती हमलों और सऊदी अरब के खिलाफ किए जा रहे हमलों की कड़ी निंदा की। G7 ने कहा कि इन हमलों में नागरिकों और नागरिक बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंच रहा है।
कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, ब्रिटेन और अमेरिका के विदेश मंत्रियों के साथ यूरोपीय संघ के उच्च प्रतिनिधि की ओर से जारी बयान में कहा गया कि यमन की स्थिति क्षेत्रीय स्थिरता और सुरक्षा के साथ-साथ वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए खतरा है।
G7 ने कहा कि लाल सागर और बाब-अल-मंदब जलडमरूमध्य में नौवहन की स्वतंत्रता और समुद्री सुरक्षा पर भी इसका असर पड़ रहा है।
बयान में कहा गया कि हम यमन और सऊदी अरब के खिलाफ हूतियों द्वारा किए जा रहे लगातार हमलों की कड़ी निंदा करते हैं। इनमें नागरिकों और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने वाले हमले भी शामिल हैं, जो मानवीय संकट को और गहरा कर रहे हैं।
G7 ने हूतियों से सैन्य कार्रवाई, धमकियों और नागरिक जहाजों के खिलाफ हमले तत्काल रोकने तथा राजनीतिक प्रक्रिया में लौटने की अपील की। समूह ने यमन की सरकार और सऊदी अरब के प्रति समर्थन भी जताया।
G7 विदेश मंत्रियों ने ईरान से भी हूतियों को हथियार और समर्थन देना बंद करने की अपील की। बयान में कहा गया कि ईरान को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों के अनुरूप हौथियों को हथियार और सहायता देना बंद करना चाहिए।
G7 का यह बयान हूति विद्रोहियों की ओर से सऊदी अरब को निशाना बनाकर किए गए मिसाइल और ड्रोन हमलों के बाद आया है। 19 सितंबर को हूती प्रवक्ता याह्या कासिम सरी ने दावा किया था कि संगठन ने सऊदी अरब के खिलाफ दो सैन्य अभियान चलाए। हूतियों ने इन हमलों को सना को निशाना बनाने के कथित सऊदी प्रयासों के जवाब में किया गया बताया था।