
पाकिस्तान (Pakistan) के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) इस समय रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद हैं। साइफर मामले (Cypher Case) में इमरान जेल में बंद हैं। इसी मामले में पहले इमरान को जमानत मिल गई थी पर रिहाई नहीं। मंगलवार को इमरान को एक बड़ा झटका लगा जब साइफर मामले में पाकिस्तान की एक अदालत ने इमरान को 10 साल की जेल की सज़ा सुनाई। इमरान के साथ ही उनकी सरकार में विदेश मंत्री रहे शाह महमूद कुरैशी (Shah Mahmood Qureshi) को भी 10 साल की जेल की सज़ा दी गई। अब आज इमरान को एक और बड़ा झटका लगा है और उनके साथ उनकी पत्नी बुशरा बीबी (Bushra Bibi) को भी झटका लगा है। दोनों को तोशाखाना मामले (Toshakhana Case) में आज सज़ा सुनाई गई है।
14 साल की जेल
तोशाखाना मामले में इमरान और उनकी पत्नी बुशरा को आज, बुधवार, 31 जनवरी को पाकिस्तान की एक निचली अदालत ने 14 साल की जेल की सज़ा सुनाई है। इतना ही नहीं, दोनों पर ही 10 साल तक किसी भी सार्वजनिक पद पर बहाल होने से लगाईं गई है और साथ ही 78.7 करोड़ रुपये रुपये का सामूहिक जुर्माना भी ठोका गया है।
बुशरा को भेजा अदियाला जेल
बुशरा को गिरफ्तार कर लिया गया है और उन्हें अदियाला जेल भेज दिया गया है।
क्या है तोशाखाना मामला?
इमरान के प्रधानमंत्री कार्यकाल के दौरान उन्हें दूसरे देशों की यात्राओं के दौरान वहाँ के लीडर्स से बेशकीमती गिफ्ट्स मिले, खास तौर पर अरब देशों के शासकों से। पाकिस्तान में यह नियम है कि दूसरे देश के प्रमुख व्यक्तियों से मिलने वाले गिफ्ट्स को तोशाखाना में रखना ज़रूरी है। पाकिस्तान की सत्ता से इमरान की छुट्टी होने पर नई सरकार ने इमरान के खिलाफ शिकायत दर्ज करते हुए उन पर यह आरोप लगाया कि इमरान ने अपनी संपत्ति की घोषणा में तोशाखाना से संबंधित गिफ्ट्स को उजागर नहीं किया। इतना ही नहीं, इमरान ने उन गिफ्ट्स में से कुछ को इमरान ने ऊँची कीमत पर बेच कर अच्छे-खासे पैसे भी प्राप्त किए थे। इसी वजह से इमरान पर तोशाखाना मामला चल रहा था।
हालांकि इमरान ने ऐसा करने से इनकार किया था और उन्होंने कहा था कि इमरान ने सभी गिफ्ट्स को तोशाखाना से 2.15 करोड़ रुपये में खरीदा था और 5.8 करोड़ रुपये में बेच दिया था। बाद में इस बात का खुलासा हुआ था कि इन गिफ्ट्स को बेचकर इमरान खान को 20 करोड़ रुपये से ज्यादा मिले थे।