विदेश

भारत ने EU के साथ की मजबूत साझेदारी,जानें आतंकवाद के खिलाफ कैसे दोहराई शून्य सहिष्णुता

India-EU Relations: भारत ने यूरोपियन यूनियन के साथ साझेदारी मजबूत की और संयुक्त राष्ट्र में आतंकवाद के खिलाफ शून्य सहिष्णुता दोहराई है।
2 min read
Sep 26, 2025
India-EU Relations
विदेश मंत्रालय में सचिव (पश्चिम) ने यूरोपीय संघ के अधिकारियों से मुलाकात की। (फोटो: X/@MEAIndia)

India-EU Relations: विदेश मंत्रालय में सचिव (पश्चिम) राजदूत सिबी जॉर्ज ने यूरोपीय संघ की विदेश कार्रवाई सेवा की महासचिव बेलेन मार्टिनेज कार्बोनेल से मुलाकात की। इस दौरान दोनों ने भारत-यूरोपीय संघ के संबंध (India-EU Relations) और मजबूत करने पर चर्चा की। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान हुआ। यह मुलाकात दोनों पक्षों के बीच सहयोग (Global South Support) बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। संयुक्त राष्ट्र में आतंकवाद पीड़ितों के मित्र समूह की छठी मंत्रिस्तरीय बैठक में राजदूत जॉर्ज ने भारत का पक्ष रखा। उन्होंने सीमा पार आतंकवाद के खतरे को उजागर करते हुए भारत की शून्य सहिष्णुता नीति (Zero-Tolerance Terrorism) को दोहराया। जॉर्ज ने कहा कि आतंकवाद के सभी रूपों के खिलाफ वैश्विक एकजुटता जरूरी है। भारत ने हमेशा आतंकवाद को खत्म करने के लिए ठोस कदमों की वकालत की है।

पर्यावरणीय चुनौतियों से निपटने की प्रतिबद्धता

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र के दौरान, राजदूत जॉर्ज ने पर्यावरणीय आपदाओं से निपटने के लिए भारत की तत्परता जताई। उन्होंने वैश्विक दक्षिण के देशों के साथ मिलकर काम करने की बात कही। जॉर्ज ने भारत की ताप कार्य योजनाओं और डिजिटल उपकरणों के उपयोग पर जोर दिया, जो अंतिम-मील चेतावनी और कम लागत वाले शीतलन समाधानों को बढ़ावा देते हैं। यह भारत की जलवायु जोखिमों से निपटने की मजबूत रणनीति दर्शाता है।

वैश्विक दक्षिण के लिए भारत की आवाज

सिंगापुर, मालदीव, यूरोपीय संघ और फिनलैंड के प्रतिनिधियों के साथ एक उच्च-स्तरीय सत्र में, जॉर्ज ने बढ़ते तापमान से निपटने के लिए भारत के प्रयासों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि वैश्विक तापमान वृद्धि ने संवेदनशील देशों को सबसे ज्यादा प्रभावित किया है। भारत आपदा प्रबंधन और जोखिम न्यूनीकरण के लिए साझेदार देशों के साथ सहयोग करने को तैयार है। यह वैश्विक एकजुटता के प्रति भारत की प्रतिबद्धता दर्शाता है।

राष्ट्रमंडल और शांति के लिए भारत की भूमिका

राजदूत जॉर्ज ने राष्ट्रमंडल विदेश मंत्रियों की बैठक में भी हिस्सा लिया। उन्होंने राष्ट्रमंडल चार्टर के मूल्यों के प्रति भारत की वचनबद्धता दोहराई और संगठन में सुधारों की जरूरत बताई। इसके अलावा, उन्होंने फिलिस्तीन के सवाल पर शांतिपूर्ण समाधान और द्वि-राज्य समाधान के लिए भारत के समर्थन को रेखांकित किया। यह भारत की वैश्विक मंच पर सक्रिय और जिम्मेदार भूमिका दर्शाता है।

भारत की वैश्विक राजनयिक उपस्थिति

बहरहाल भारत ने यूरोपीय संघ के साथ साझेदारी को मजबूत करने और आतंकवाद के खिलाफ कड़ा रुख अपनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। संयुक्त राष्ट्र और राष्ट्रमंडल जैसे मंचों पर भारत ने पर्यावरण, शांति और आतंकवाद के खिलाफ अपनी प्रतिबद्धता दिखाई। राजदूत जॉर्ज की सक्रियता भारत की वैश्विक नेतृत्व और सहयोग की भावना उजागर करती है। (एएनआई)