इजराइल और अमेरिका ने संयुक्त रूप से ईरान पर बड़ा हमला बोल दिया है। तेहरान में कई मंत्रालयों पर हमले हुए, स्थानीय लोगों ने जोरदार धमाके सुने।
इजराइल और ईरान के बीच जंग छिड़ गई है। इजराइल और अमेरिका ने मिलकर ईरान पर हमला किया है। तेहरान में कई मंत्रालय पर अटैक हुआ है। स्थानीय लोगों ने जोरदार धमाके सुने हैं।
इसके जवाब में ईरान ने भी इजराइल पर लगभग 400 मिसाइलें दागी हैं। वहीं, ईरान ने बहरीन में अमेरिकी बेस पर भी हमला बोल दिया है। फिलहाल, इसमें कितने लोगों की जान गई है, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है।
इस जंग में यमन के हूती विद्रोहियों की भी एंट्री हो गई है। हूती विद्रोहियों ने खुलकर ईरान का साथ देने का ऐलान कर दिया है। उन्होंने कहा है कि वह ईरान के साथ मिलकर इजराइल पर हमला करेंगे।
यमन में हूती विद्रोहियों को इजराइल का दुश्मन माना जाता है। अक्सर दोनों के बीच जोरदार हमले देखे जाते हैं। अक्टूबर 2023 से हूतियों ने इजराइल की ओर कई बैलिस्टिक मिसाइलें, ड्रोन और कभी-कभी क्लस्टर मुनिशन वाली मिसाइलें दागी हैं। हालांकि, इजराइल ने अपने डिफेंस सिस्टम के जरिए उन्हें रोक लिया है।
बता दें कि जंग के बीच इजराइल ने पूरे देश में इमरजेंसी की घोषणा कर दी है। अस्पतालों को अंडरग्राउंड कर दिया गया है और पूरे देश में सायरन चालू है। ईरान, इजराइल और इराक ने अपने एयरस्पेस बंद कर दिए हैं और सभी उड़ानें रोक दी हैं।
यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब ओमान में अमेरिका और ईरान के बीच न्यूक्लियर बातचीत में रुकावट आने से डिप्लोमैटिक नतीजे सामने आए हैं।
उधर, इन हमलों के बाद ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई तेहरान में नहीं हैं। उन्हें एक सिक्योर जगह पर ट्रांसफर कर दिया गया है।
पूर्वी और पश्चिमी तेहरान के कुछ हिस्सों में मोबाइल फोन लाइनें काट दी गई हैं और कुछ इलाकों में इंटरनेट कनेक्टिविटी कमजोर हो गई है।
वहीं, हमले के बाद इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बयान जारी किया है। उन्होंने इसे अस्तित्व को बचाने की लड़ाई करार दिया है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो संदेश में नेतन्याहू ने कहा- इजरायल और अमेरिका ने ईरान में आतंकवादी शासन से पैदा हुए अस्तित्व के खतरे को खत्म करने के लिए एक ऑपरेशन शुरू किया है, जिसके लिए मैं राष्ट्रपति ट्रंप का दिल से शुक्रिया अदा करता हूं।
उन्होंने कहा कि हमारा जॉइंट ऑपरेशन बहादुर ईरानी लोगों के लिए अपनी किस्मत अपने हाथों में लेने के हालात बनाएगा। नेतन्याहू ने अमेरिका-इजराइल के हमलों के बाद अपने पहले वीडियो मैसेज में तेहरान में शासन बदलने की बात कही। उन्होंने ईरान की जनता से कहा कि वे जुल्म के बोझ को दूर करें और एक आजाद और मूल्यों पर आधारित शांत ईरान बनाएं।