तेहरान पर इजरायल-अमेरिका के हमलों के बाद शनिवार को इजरायल और ईरान ने अपने-अपने हवाई क्षेत्र बंद कर दिए। खबरों के मुताबिक, हमलों के बाद ईरान में इंटरनेट भी बाधित हो गया।
Israel-Iran War: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर हमलों में अमेरिका की भूमिका की पुष्टि करते हुए कहा कि अमेरिका ने ईरान में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू कर दिए हैं। शनिवार को तेहरान में कई विस्फोटों की आवाज सुनने के बाद इजरायल ने ईरान पर जोरदार हमला किया। खबरों के अनुसार, इजरायली हमले ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के कार्यालयों के पास हुए। इजरायली अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान को 'शेर की दहाड़' नाम दिया गया है। यरूशलम में भी सायरन बजाए गए और देशभर के लोगों को फोन पर गंभीर खतरे के बारे में अलर्ट भेजा गया।
ईरान ने अमेरिकी और इजरायली हमले के जवाब में पूरे पश्चिम एशिया में कोहराम मचा दिया है। ईरान ने इजरायल समेत पश्चिम एशिया के 8 शहरों पर मिसाइलें दागी गई है। बैलेस्टिक, सुपरसोनिक और क्रूज मिसाइलों से इजरायल, बहरीन, कतर, कुवैत, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, जॉर्डन और इराक के दर्जनों शहरों पर जोरदार हमला किया गया है। तनाव के बीच ईरान ने एक बयान जारी कर कहा कि दुश्मन की हार तक हमारा हमला जारी रहेगा।
तेहरान पर इजरायल-अमेरिका के हमलों के बाद शनिवार को इजरायल और ईरान ने अपने-अपने हवाई क्षेत्र बंद कर दिए। खबरों के मुताबिक, हमलों के बाद ईरान में इंटरनेट भी बाधित हो गया। इजरायल और अमेरिका ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई के घर पर बंकर बस्टिंग बम गिराया है। ईरान ने हमलों का जवाब वैसे ही दिया जैसा वह महीनों से धमकी दे रहा था। ईरान ने पहले इजरायल को निशाना बनाकर बैलेस्टिक मिसाइलों और ड्रोन की बौछार कर दी।
मीडिया में चल रही खबरों के अनुसार, ईरान के मीनाब शहर में लड़कियों के स्कूल पर इजरायल-अमेरिका की ओर से किए गए हमले में 53 की मौत हो गई है। हमले में 45 अन्य लोग घायल हुए हैं। यह हमला बड़े सैन्य अभियान का हिस्सा है। वहीं, तेहरान स्थित रूसी दूतावास ने अपने नागरिकों से आर्मेनिया या अजरबैजान के रास्ते ईरान जाने का आग्रह किया है।
सऊदी अरब में भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है, जिसमें भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वो सावधान रहें। सऊदी अरब में लागू सुरक्षा गाइडलाइंस का सख्ती से पालन करें और लोकल अधिकारियों और एम्बेसी की तरफ से जारी एडवाइजरी को मानें।