
Israel Hezbollah Tension: इजराइल के जिद्द पर अड़ने के बाद दक्षिणी लेबनान में तनाव फिर से बढ़ रहा है। इजराइल सेना वहां करीब 10 किलोमीटर अंदर तक घुस गई है और रोजाना हमले जारी हैं।
इस बीच, इजराइल के सैन्य प्रमुख ईयाल जमीर ने एक चेतावनी भी दी है। उन्होंने कहा कि हिजबुल्लाह को खत्म करने के अभियान को निरस्त्र करने का कोई समझौता तभी आगे बढ़ेगा जब लेबनानी सेना मैदान में अपनी ताकत सही तरीके से दिखाएगी।
बुधवार को लेबनान सीमा के पास सैनिकों से मिलते हुए जमीर ने कहा कि इजराइली सेना लितानी नदी के दक्षिण से हिजबुल्लाह की मौजूदगी पूरी तरह खत्म करने पर अड़ी हुई है।
साथ ही हिजबुल्लाह को हथियार मुक्त करने का बड़ा लक्ष्य भी बरकरार है। लेकिन लेबनान सरकार के साथ कोई समझौता तभी संभव है जब लेबनानी आर्म्ड फोर्सेज जमीन पर अपना कामकाज काफी बेहतर करेंगे। अभी उनकी प्रभावशीलता पर्याप्त नहीं है।
जमीर ने यह भी बताया कि इजराइल की नई रक्षा रणनीति में दुश्मन के इलाके में गहरी पैठ बनाए रखना शामिल है। सीमा के पार सैनिकों को रखना अब जरूरी माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी इसी लाइन पर बात कही। उन्होंने सोमवार को वीडियो बयान में कहा कि दक्षिणी लेबनान के सुरक्षा क्षेत्र में हिजबुल्लाह के आतंकी ढांचे को नष्ट करने का काम जारी रहेगा।
बता दें कि जून में युद्धविराम हुआ था लेकिन इजराइल अभी भी वहां मौजूद है। नेतन्याहू ने चेतावनी दी कि अगर हमला हुआ तो और बड़े जवाब दिए जाएंगे।
इजराइली सेना का दावा है कि उन्होंने बोफोर्ट और अली अल-ताहेर पहाड़ियों पर हिजबुल्लाह के बड़े ठिकाने नष्ट कर दिए हैं। इसके अलावा, अली अल-ताहेर में दो किलोमीटर से ज्यादा भूमिगत सुरंगें भी ध्वस्त की गईं हैं।
अमेरिका की मध्यस्थता में अक्टूबर में रोम में दोनों पक्षों की मुलाकात होनी है। जून के युद्धविराम समझौते में इजराइली सैनिकों की वापसी और हिजबुल्लाह के निरस्त्रीकरण की बात कही गई थी। लेकिन अमल नहीं हो पाया।
इस बीच, दक्षिणी लेबनान में इजराइल के बढ़ते हमले और सैन्य अभियानों पर संयुक्त राष्ट्र ने फिक्र जाहिर की है। यूएन महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने बुधवार को इस पर दुख जताते हुए तेल अवीव से अपील की कि वो अपने ऑपरेशन पर विराम लगाए।