भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' में पाकिस्तान के खूंखार आतंकी मसूद अज़हर का परिवार भी मारा गया था। अब पाकिस्तान में मसूद के साले यूसुफ की याद में जैश-ए-मोहम्मद, स्मारक बनवाने के साथ ही शोक सभा का भी आयोजन करेगा।
पाकिस्तानी आतंकियों को पहलगाम आतंकी हमले का जवाब देने के लिए भारत ने सफलतापूर्वक 'ऑपरेशन सिंदूर' को अंजाम दिया था। भारतीय सेना की इस कार्रवाई के चलते पाकिस्तान में 9 आतंकी ठिकाने तबाह हो गए थे और सैकड़ों आतंकी भी मारे गए थे। इनमें जैश-ए-मोहम्मद (Jaish-e-Mohammed) के सरगना मसूद अज़हर (Masood Azhar) का परिवार भी मारा गया था, जिसकी पुष्टि भी हो गई है। मसूद के परिवार के वो सदस्य जो भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' में मारे गए थे, उनमें उसका साला मोहम्म्द युसूफ अज़हर (Mohammad Yusuf Azhar) भी शामिल था। युसूफ भी जैश-ए-मोहम्मद में शामिल था। ऐसे में उसकी याद में जैश-ए-मोहम्मद ने एक फैसला लिया है।
युसूफ की याद में शावर के मरकज शहीद मकसूदाबाद में ही जैश-ए-मोहम्मद की तरफ से एक स्मारक बनवाने की योजना है। हालांकि यह कब तक बनकर तैयार होगा, फिलहाल इस बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता।
युसूफ की याद में जैश-ए-मोहम्मद की तरफ से 25 सितंबर को शोक सभा का भी आयोजन किया जाएगा। यह शोक सभा पेशावर के मरकज शहीद मकसूदाबाद में आयोजित होगी और जैश-ए-मोहम्मद के वरिष्ठ कमांडर और सदस्य भी इसमें शामिल होंगे।
जानकारी के अनुसार जैश-ए-मोहम्मद, युसूफ की शोक सभा को नए आतंकियों की भर्ती के अभियान के रूप में भी इस्तेमाल कर सकता है। भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' में कई आतंकी मारे गए थे। ऐसे में जैश-ए-मोहम्मद को अब नए आतंकियों की तलाश है।