Sudan Conflict: सूडान में आरएसएफ ने एक बार फिर आतंक मचाया है। आरएसएफ के ड्रोन हमले में 14 निर्दोष लोग मारे गए हैं।
सूडान (Sudan) में सेना और अर्धसैनिक बल (पैरामिलिट्री) रैपिड सपोर्ट फोर्सेज़ - आरएसएफ (Rapid Support Forces - RSF) के बीच 15 अप्रैल 2023 से युद्ध चल रहा है। अगले महीने इस युद्ध को 3 साल पूरे हो जाएंगे। सूडान में चल रहे इस गृहयुद्ध की वजह से अब तक कई हज़ार लोगों की मौत हो चुकी है। लाखों लोग विस्थापित हो चुके हैं। इतना ही नहीं, युद्ध की वजह से देश में भोजन का संकट भी पैदा हो गया है जिससे करोड़ों लोग परेशान हैं। हालांकि अभी भी आरएसएफ अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है और आए दिन ही निर्दोष लोगों पर हमले करता रहता है। अब आरएसएफ ने एक बार फिर सूडान में आतंक मचाया है।
आरएसएफ ने सूडान में साउथ कोर्डोफन (South Kordofan) राज्य के डिलिंग (Dilling) शहर में ड्रोन अटैक किया। इस हमले में सूडान पीपुल्स लिबरेशन मूवमेंट-नॉर्थ - एसपीएलएम-एन (Sudan People's Liberation Movement-North - SPLM-N) ने भी आरएसएफ का साथ दिया। इस ड्रोन अटैक से हाहाकार मच गया। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
आरएसएफ और एसपीएलएम-एन के इस ड्रोन अटैक में 14 निर्दोष लोगों की जान चली गई। सूडान डॉक्टर्स नेटवर्क ने इस बारे में रविवार को जानकारी दी। मृतकों में 5 बच्चे और 2 महिलाएं भी शामिल हैं।
आरएसएफ और एसपीएलएम-एन के इस ड्रोन अटैक में कई लोग घायल हो गए। घायलों में 7 बच्चे भी शामिल हैं। सूडान डॉक्टर्स नेटवर्क ने जानकारी दी कि घायलों की नज़दीकी अस्पताल और क्लिनिक में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है।
एक स्वयंसेवी समूह ने बताया कि डिलिंग शहर को काफी समय से इस तरह के हमलों से दहलाया जा रहा है। कुछ महीने पहले ही सेना ने इस शहर पर कब्ज़ा किया था, जिसके बाद आरएसएफ ने अपने हमले बढ़ा दिए। आरएसएफ के हमलों की वजह से डिलिंग में चिकित्सा कर्मचारियों और आपूर्ति की भारी कमी हो गई है। आरएसएफ के लड़ाके अक्सर ही डिलिंग के रिहायशी इलाकों को निशाना बनाते हैं, जिनसे घरों को भी नुकसान पहुंचता है।