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‘बलि का बकरा’ बन रहे उत्तर कोरिया के सैनिक! रूस में किम जोंग के सैनिक भेजने पर साउथ कोरिया का बड़ा दावा 

Russia and North Korea: दक्षिण कोरिया के रक्षा मंत्री ने कहा है कि उत्तर कोरिया के सैनिकों को रूसी सेना की प्लाटून लेवल यूनिट में तैनात किया गया है।

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South Korea on North korea Soldiers Deployed in Russia for war in Ukraine

Russia and North Korea: रूस में उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग ने यूक्रेन में लड़ने के लिए और पुतिन की सहायता के लिए अपनी सेनी भेजी है लेकिन रूस में इन सैनिकों को 'बलि का बकरा' बनाया जा रहा है। उन्हें सबसे कठिन और खतरनाक जगहों पर तैनाती दी गई है। ये कहना है कि दक्षिण कोरिया (South Korea)। जी हां, दक्षिण कोरिया के रक्षा मंत्री ने कहा कि रूस में तैनात उत्तर कोरियाई सैनिकों को रूसी सेना में प्लाटून स्तर पर तैनात किया गया है।

सबसे कठिन और खतरनाक जगहों पर उत्तर कोरियाई सैनिकों की पोस्टिंग

रक्षा मंत्री किम योंग-ह्यून ने कहा कि उत्तर कोरिया के इन सैनिकों को खतरनाक क्षेत्रों में 'तोप के चारे' या बलि का बकरे के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा। योनहाप समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक संसदीय रक्षा समिति के एक सत्र के दौरान रक्षा मंत्री किम योंग ने कहा कि उत्तर कोरियाई सैनिकों को रूसी सेना के प्लाटूनों के समूहों में शामिल किया गया है। यूक्रेन में लड़े जा रहे इस युद्ध का नेतृत्व रूस कर रहा है। ऐसे में रूस इन उत्तर कोरिया के सैनिकों को सबसे खतरनाक और कठिन जगहों पर तैनात कर रहे हैं। रूस इन सैनिकों को बलि का बकरा बना रहा है।

यूक्रेन में अपनी सेना भेजेगा दक्षिण कोरिया

बता दें कि रूस में उत्तर कोरिया के सैनिक भेजने को लेकर यूक्रेन ने भी दावा किया था कि उत्तर कोरिया के सैनिकों को रूसी सैन्य इकाइयों में शामिल कर लिया गया है। ऐसे में रक्षा मंत्री का कहना है कि अब दक्षिण कोरिया को यूक्रेन में भी सेना भेजनी चाहिए। हालांकि इस कदम की जगह दक्षिण कोरिया अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर काम करेगा।

गौरतलब है कि बीते बुधवार को यूक्रेन के रक्षा मंत्री के नेतृत्व में एक यूक्रेनी प्रतिनिधिमंडल ने साउथ कोरिया के राष्ट्रपति यूं सुक येओल, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार शिन वोन-सिक और रक्षा मंत्री किम योंग-ह्यून के साथ बातचीत के लिए दक्षिण कोरिया का दौरा किया। प्रतिनिधिमंडल ने रूस और उत्तर कोरिया के बीच बढ़ते सैन्य सहयोग पर खुफिया जानकारी दुनिया के सामने रखी और सुरक्षा खतरों के लिए आगे उठाए जाने वाले कदम के बारे में चर्चा की।

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