
War News: अमेरिका-इजरायल और ईरान के युद्ध के चलते जब से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) पर नाकेबंदी चालू हुई है, तब से इस स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों को निशाना बनाया जा रहा है। इसी के चलते एक बार फिर से होर्मुज में एक जहाज पर अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमले की जानकारी मिली है। यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) एजेंसी के अनुसार, सोमवार शाम हॉर्मुज को पार करते समय एक व्यापारिक जहाज पर संदिग्ध प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ, जिसके बाद जहाज में आग लग गई।
हालांकि, यूकेएमटीओ ने बताया कि आग बुझा दी गई है। साथ ही जहाज के क्रू मेंबर्स सुरक्षित हैं और जहाज अपनी यात्रा को फिर से शुरू कर चुका है। एजेंसी ने इस घटना से पर्यावरण पर किसी भी प्रकार के प्रभाव की खबर नहीं दी है। लेकिन नुकसान के आकलन का काम अभी बाकी है। एजेंसी ने यह भी कहा कि उसे यह जानकारी किसी तीसरे पक्ष से मिली है। वहीं, अन्य जहाजों को सावधानीपूर्वक आवाजाही करने की सलाह दी गई है।
होर्मुज में जहाज पर हमले की यह खबर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने के लिए ईरान की ओर से पेश कि गई मांग को खारिज करने के बाद आई है। हालांकि, ईरानी अधिकारियों ने होर्मुज में किसी भी हमले की पुष्टि नहीं की है। बीते हफ्ते एक भारतीय मालवाहक जहाज पर भी हमला हुआ था, जिसमें एक नाविक की मौत हो गई थी।
होर्मज में होने वाले ये हमले नए नहीं है। इस महीने में स्ट्रेट से गुजरने वाले कई जहाजो को निशाना बनाया जा चुका है। इससे पहले 23 सितबंर को एक जहाज पर हमला हुआ था जिसमें दो लोगों की मौत हुई थी। इसके अलावा 18 और 16 सितंबर को भी जहाजों को निशाना बनाया गया था।
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) का कहना है कि यह होर्मुज उन सभी जहाजों के लिए बंद है जो ईरानी अधिकारियों के साथ तालमेल नहीं बैठाते हैं। साथ ही उन्होंने होर्मुज से गुजरने वाली शिपिंग कंपनियों को ईरानी अधिकारियों द्वारा मंजूर अस्थाई रूट का उपयोग करने और संबंधित शुल्क का भुगतान करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा है कि जब तक ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिकी नाकाबंदी खत्म नहीं होती, तब तक होर्मुज पूरी तरह से नहीं खुलेगा।