विदेश

चीन में झुके, भारत के सामने अकड़ रहे तारिक रहमान, बांग्लादेश के रवैये को लेकर क्या कह रहे एक्सपर्ट

Tarique Rahman visit to India: तारिक रहमान की दिल्ली यात्रा पर अब तक सस्पेंस बरकरार, शेख हसीना मुद्दे पर अटकी बात। जानें ब्रह्म चेलानी ने बांग्लादेश के रवैये पर क्या कहा और उच्चायुक्त त्रिवेदी का बयान।
2 min read
Aug 19, 2026
India-Bangladesh Relations
बांग्लादेश के PM तारिक रहमान और भारत के पीएम नरेंद्र मोदी (सोर्स: ANI)

Bangladesh-India relations: बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान के नई दिल्ली दौरे को लेकर तस्वीर अब तक साफ नहीं हो पायी है। शेख हसीना के मामले को लेकर मुलाकात का पेंच फंसा हुआ है। ढाका की तरफ से रहमान के नई दिल्ली के दौरे को लेकर कुछ शर्तें रखी गई हैं। बांग्लादेश के विदेश मामलों के प्रवक्ता एकेएम शाहिदुल करीम ने कहा था कि दोनों देशों के अधिकारी द्विपक्षीय दौरे की संभावना पर बातचीत कर रहे हैं, लेकिन उन्होंने जोर दिया कि इसके लिए 'अनुकूल माहौल' बनाने की जरूरत है। ढाका ने कहा कि 5 अगस्त को हसीना की मीडिया से बातचीत ने उस माहौल पर असर डाला है और भारत से उनके प्रत्यर्पण के अनुरोध पर तेजी से कार्रवाई करने को कहा।

ढाका दोहरा रवैया अपना रहा

बांग्लादेश के रवैये को लेकर भारत के सामरिक मामलों के जानकार ब्रह्म चेलानी ने X पर लिखा कि ढाका दोहरा रवैया अपना रहा है। चेलानी ने कहा कि तीन तरफ से भारत से घिरा होने के कारण, बांग्लादेश अपनी जरूरी चीजों जैसे खाने-पीने का सामान, रिफाइंड पेट्रोलियम और बिजली के आयात के लिए अपने बड़े पड़ोसी देश पर बहुत ज्यादा निर्भर है। इसलिए, भारत के साथ अच्छे और स्थिर संबंध बांग्लादेश की आर्थिक सुरक्षा और भलाई के लिए बहुत जरूरी हैं।

उन्होंने आगे कहा कि इन सब जटिलताओं के बावजूद पिछले छह महीनों से बांग्लादेश के नए प्रधानमंत्री तारिक रहमान नई दिल्ली के राजकीय दौरे के लिए मोदी के निमंत्रण को स्वीकार करने में टालमटोल कर रहे हैं। चेलानी ने कहा कि ढाका ऐसा मान रही है कि PM तारिक रहमान नई दिल्ली का दौरा करके भारत पर कोई एहसान कर देंगे। उन्होंने कहा कि इससे भी बुरी बात यह है कि रहमान ने इस दौरे के लिए शर्तें रखी हैं। पिछले सोमवार को ढाका में भारत के राजदूत से उन्होंने कहा कि द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए भारत को पहले अनुकूल माहौल बनाना होगा, जबकि उनके सलाहकारों ने भी जोर दिया है कि संबंध बराबरी के आधार पर होने चाहिए। विडंबना यह है कि रहमान को चीन के साथ साफ तौर पर असमान संबंध रखने में कोई हिचकिचाहट नहीं है। वे जून में बीजिंग गए। वहां सम्मान प्रकट किया और ज़्यादातर एकतरफा समझौतों पर हस्ताक्षर किए।

ढाका में भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने कहा कि नई बांग्लादेश के पीएम तारिक रहमान की प्रस्तावित भारत यात्रा को लेकर उत्सुक है। त्रिवेदी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी दोनों देशों की दोनों नेताओं की मुलाकात को जरूरी बताया। त्रिवेदी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने बस एक बात कही। हमें मिलना चाहिए। और आप मेरी तरफ़ से उन्हें बता सकते हैं कि उन्हें भारत के प्रधानमंत्री का भरोसा है कि जब बांग्लादेश के माननीय प्रधानमंत्री भारत आएंगे, तो उनका वैसा ही सम्मानजनक स्वागत होगा जिसके वे हकदार हैं।

Updated on:
19 Aug 2026 05:29 pm
Published on:
19 Aug 2026 05:29 pm