
European Commission: यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष का चुनाव यूरोप की दो सबसे शक्तिशाली महिला नेताओं जियोर्जिया मेलोनी (Giorgia Meloni) और उर्सुला वॉन डेर लेयेन के बीच लड़ा गया। जिसमें उर्सुला ने मेलोनी को हरा दिया है और लगातार दूसरी बार यूरोपीय यूनियन की अध्यक्ष चुनी गईं। उर्सुला (Ursula von der Leyen) की जीत पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें बधाई दी है। पीएम मोदी (Narendra Modi) ने कहा कि वो वैश्विक भलाई के लिए भारत-यूरोपीय आयोग की साझेदारी को मजबूत करने के लिए मिलकर काम करने को उत्सुक हैं।
X पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि"यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष के रूप में आपके दोबारा चुने जाने पर उर्सुला वॉन डेर लेयेन को बधाई। वैश्विक भलाई के लिए भारत-यूरोपीय आयोग रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने के लिए मिलकर काम करने के लिए तत्पर हैं।"
इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी और हंगरी के पीएम विक्टर ओर्बन के विरोध के बावजूद उर्सुला वॉन डेर लेयेन, एंटोनियो कोस्टा और काजा कैलास को शिखर सम्मेलन में प्रमुख यूरोपीय संघ पदों के लिए नामित किया गया था। अध्यक्ष पद के लिए उर्सुला के सामने जियोर्जिया मेलोनी थीं।
जियोर्जिया मेलोनी ने यूरोपीय संसद का चुनाव इसी मुद्दे पर लड़ा था कि यूरोप की दिशा इटली तय करता है। मेलोनी इस बात से नाराज हैं कि उर्सुला वॉन डेर लेयेन का यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष के रूप में नामांकन से पहले हुए चर्चाओं और सौदेबाजी के दौरान उनसे कोई विचार- विमर्श नहीं किया गया। बल्कि यह सब उन सब नेताओं जैसे फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, जर्मन चांसलर ओलाफ शॉल्त्स आदि नेताओं ने तय किया जिनकी पार्टियों की सीटें यूरोपियन यूनियन के चुनाव में कम हुई हैं।