
Vanuatu ferry Sink: प्रशांत महासागर के द्वीप देश वानुअतु में शुक्रवार को एक इंटर-आइलैंड फेरी (नाव) डूबने से बड़ा हादसा हो गया है। एमवी माटुई नाम की इस फेरी में सवार दर्जनों यात्री और चालक दल के सदस्य समुद्र में समा गए।
प्रधानमंत्री जोथाम नपात के कार्यालय ने रविवार को बयान जारी कर बताया कि इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत की पुष्टि हो चुकी है और 30 से ज्यादा लोग अभी भी लापता हैं।
अब तक सिर्फ 15 लोगों को जिंदा पाया गया है। बाकी यात्रियों और क्रू मेंबर्स का कोई अता-पता नहीं। न्यूजीलैंड की सार्वजनिक प्रसारक आरएनजेड के मुताबिक, फेरी अम्बे और सांतो द्वीपों के बीच खराब मौसम के कारण से डूबी थी।
खोज और बचाव अभियान लगातार चल रहा है। खुले समुद्र में तलाश अब धीमी कर दी गई है। टीम अब दक्षिण-पूर्वी तट की तरफ ध्यान दे रही है क्योंकि वहां की धाराएं बचे हुए लोगों को ले जा सकती हैं।
प्रधानमंत्री कार्यालय के बयान में साफ कहा गया है कि यह नुकसान तेज हवाओं और समुद्री चेतावनियों को नजरअंदाज करने की वजह से हुआ लगता है।
साथ ही जहाज के ओवरलोड होने और लापरवाही का भी शक जताया गया है। वानुअतु पुलिस, मैरीटाइम सेफ्टी अथॉरिटी और फेरी चलाने वाली कंपनी टुई शिपिंग एजेंसी से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है- बचे हुए लोगों के लिए हम प्रार्थना करते हैं कि वे जल्दी स्वस्थ हों। लापता और मृत लोगों के परिवारों को बता दें कि इस दुख की घड़ी में पूरा देश उनके साथ है।
ऑस्ट्रेलिया से करीब 1750 किलोमीटर पूर्व में स्थित इस द्वीप देश में ऐसे हादसे पहले भी हो चुके हैं, लेकिन इस बार मौसम की चेतावनी के बावजूद फेरी का चलना सवाल खड़े कर रहा है।
लोग समुद्र किनारे लापता लोगों का इंतजार कर रहे हैं। कई परिवारों के सदस्य घंटों से तट पर खड़े हैं। बचाव दल नावों और हेलिकॉप्टर से इलाके की छानबीन कर रहा है।
अधिकारी कह रहे हैं कि धाराएं तेज हैं इसलिए खोज मुश्किल हो रही है। फिर भी उम्मीद नहीं छोड़ी गई है। वानुअतु सरकार अब आगे जांच का वादा कर रही है ताकि ऐसी घटना दोबारा न हो।