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5968 किसानों को बांट दी किसान सम्मान निधि की राशि, अब 5 करोड़ वापस लेने थमाए नोटिस

किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत में ही पात्रता के मापदंड निर्धारित कर दिए, फिर भी जिम्मेदारों ने रजिस्ट्रेशन के दौरान 5968 अपात्र किसानों को पात्र बता दिया।

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5968 किसानों को बांट दी किसान सम्मान निधि की राशि, अब 5 करोड़ वापस लेने थमाए नोटिस

5968 किसानों को बांट दी किसान सम्मान निधि की राशि, अब 5 करोड़ वापस लेने थमाए नोटिस

अशोकनगर. सरकार ने किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत में ही पात्रता के मापदंड निर्धारित कर दिए, फिर भी जिम्मेदारों ने रजिस्ट्रेशन के दौरान 5968 अपात्र किसानों को पात्र बता दिया। इससे उनके खातों में 5.01 करोड़ रुपए पहुंच गए। जब जानकारी मिली प्रशासन ने उन्हें नोटिस दिए, इससे अब यह अपात्र किसान सम्मान निधि वापस लौटा रहे हैं और पिछले पांच महीने में ही 732 किसान 55.05 लाख रुपए वापस लौटा चुके हैं।

किसान सम्मान निधि योजना के तहत केंद्र सरकार किसानों को छह हजार रुपए प्रतिवर्ष तीन किस्तों में देती है। लेकिन जिले में 5968 अपात्र किसानों को भी इस योजना के तहत 5.01 करोड़ रुपए बांट दिए गए। सरकार ने अपात्रों को बांटी गई राशि वापस कराने के निर्देश दिए तो प्रशासन ने इन अपात्र किसानों की सूची तैयार कर उन्हें नोटिस जारी किए और अब तक जिले के 1107 किसानों ने अपनी 84.10 लाख रुपए सम्मान निधि शासन को वापस लौटा दी है। हालांकि लंबा समय बीत जाने के बाद भी कई अन्य अपात्र किसान यह राशि वापस नहीं लौटा रहे हैं।

तहसीलदारों को सौंपा वसूली का जिम्मा

प्रशासन ने इन अपात्र किसानों से किसान सम्मान निधि की राशि वापस पाने वसूली की जिम्मेदारी तहसीलदारों को सौंपी है और तहसीलदारों ने इन किसानों को नोटिस जारी कर राशि जमा कराने के लिए कहा है।

नोटिस मिलने से किसानों में नाराजगी है और उनका कहना है कि जब पात्र नहीं थे उनके खातों में राशि क्यों भेजी गई, लेकिन कार्रवाई के डर से कई किसान सम्मान निधि की राशि वापस लौटा चुके हैं। हालांकि कई किसान अभी भी यह राशि लौटाने तैयार नहीं हैं।

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योजना की शुरुआत के साथ ही सरकार ने पात्रता का मापदंड निर्धारित कर दिया था, इसमें टैक्सपेयर, 10 हजार रुपए से ज्यादा पेंशन वाले आदि लोगों को इसमें अपात्र माना गया था। फिर भी रजिस्ट्रेशन में 5968 अपात्रों को पात्र बता दिया गया, जिन्हें योजना के तहत पांच से छह किस्तें भी जारी हो गईं, लेकिन अब तक जिले में 18.54 फीसदी अपात्रों ने योजना की 16.78 फीसदी राशि वापस लौटा दी है। जिनमें पिछले पांच माह में 732 किसानों ने 55.05 लाख रुपए वापस लौटाए हैं, लेकिन अभी चार करोड़ 16 लाख 89 हजार रुपए की राशि बकाया है।