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तालिबान से अफगानिस्तान सरकार ने लिया बदला, हवाई कार्रवाई में 30 आतंकी मारे गए

खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए लड़ाकू विमान ने बघलान-ए-मरकजी जिले में आतंकियों को मार गिराया

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Mohit Saxena

Oct 21, 2018

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तालिबान से अफगानिस्तान सरकार ने लिया बदला, हवाई कार्रवाई में 30 आतंकी मारे गए

काबुल। अफगानिस्तान के बघलान प्रांत में रविवार को एक हवाई हमले में कम से कम 30 तालिबान आतंकी मारे गए। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार सेना के प्रवक्ता मोहम्मद हनीफ रेजई ने कहा कि खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए लड़ाकू विमान ने बघलान-ए-मरकजी जिले में दोपहर के करीब तालिबान आतंकवादियों की सभा के दौरान कई उड़ाने भरी। इस कार्रवाई में 30 आतंकी मारे गए। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई आतंकियों द्वारा मतदान केंद्र पर किए आत्मघाती हमलों के जवाब में दिए गए हैं। अफगानिस्तान में शनिवार को मतदान के दौरान तालिबानी हमले में कई मासूम लोग मारे गए।

170 लोगों की मौत

तालिबान आतंकवादियों ने अफगानिस्तान में संसदीय चुनाव में बाधा डालने के लिए पूरे देश में श्रंखलाबद्ध हमले कर रहे हैं। काबुल। अफगानिस्तान में शनिवार को हुए संसदीय चुनाव में हुई हिंसा में लगभग 170 लोगों की मौत हो गई है । अफगान सुरक्षाबलों ने बताया कि पूरे देश में हुए अलग-अलग हमलों में कम से कम 170 लोगों की मौत हो गई। अकेले अफगानिस्तान की राजधानी में मृतकों की संख्या 19 पहुंच गई है जबकि यहां लगभग 100 लोग घायल बताए जा रहे हैं। चुनाव के दौरान अंतिम हमला काबुल के एक मतदान केंद्र पर हुआ जहां एक आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया। इस हादसे में कम से कम 15 लोगों की मौत हो गई और 20 घायल हो गए।

तालिबान का दावा, 300 से अधिक हमले

हालांकि अफगानिस्तान में हुए तमाम विस्फोटों की किसी संगठन में जिम्मेदारी नहीं ली लेकिन ऐसा माना जा रहा है कि ये तालिबान और अलकायदा का काम है। बता दें कि तालिबान ने शनिवार को एक बयान जारी कर कहा था कि उसने चुनाव के विरोध में पूरे देश में 300 से अधिक हमलों को अंजाम दिया। तालिबान ने पूरे अफगानिस्तान में मतदान केंद्रों और चुनाव कर्मियों पर हमले किए। एक बड़े चुनाव अधिकारी ने बताया कि हिंसा से मतदान बाधित हुआ। बता दें कि तालिबान ने शुक्रवार को बयान जारी कर मतदान का बहिष्कार करने के लिए कहा था। तालिबान ने कहा था कि उसके लड़ाके सभी प्रमुख और छोटे रास्तों को रोक देंगे। हालांकि अफगान सरकार ने मतदान के दौरान मतदाताओं और मतदान केंद्रों की सुरक्षा के लिए 54,000 सैनिकों को तैनात किया था। बता दें कि इसी सप्ताह तालिबान के हमले में अफगानिस्तान के शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों की मौत होने और कई अधिकारियों के घायल होने से चुनाव दहशत के माहौल में हुए । बीते दिनों तालिबान और अलकायदा ने अफगानिस्तान में एक के बाद एक कई हमलों को अंजाम दिया था।