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रोहिंग्‍या बच्‍चों की हालत देख द्रवित हुईं प्रियंका, तस्लीमा भी आक्रोशित

प्रियंका चोपड़ा यूनिसेफ की गुडविल एंबेसडर हैं। वह सोमवार को रोहिंग्‍या बच्‍चों की स्थिति का जायजा लेने बांग्‍लादेश की शरणार्थी शिविर में गई थीं।
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नई दिल्ली

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Mazkoor Alam

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Updated: 22 May 2018, 10:09 PM IST

priyanka chopra

रोहिंग्‍या बच्‍चों की हालत देख द्रवित हुईं प्रियंका, तस्लीमा भी आक्रोशित

ढाका : बॉलीवुड अभिनेत्री प्रियंका चोपड़ा फिलहाल बांग्लादेश के दौरे पर हैं। वहां शरणार्थी शिविर में रह रहे रोहिंग्‍या मुस्लिमों, खासकर बच्‍चों की दयनीय हालत देखकर वह खुद को रोक नहीं सकीं। उन्‍होंने ट्वीट कर उनकी हालत का जिक्र करते हुए पूरी दुनिया से आगे बढ़कर उनकी मदद की अपील की।

यूनिसेफ की गुडविल एम्‍बेसडर हैं प्रियंका
बता दें कि प्रियंका चोपड़ा यूनिसेफ की गुडविल एंबेसडर हैं। वह बतौर गुडविल एम्‍बेसडर सोमवार को वह रोहिंग्‍याओं की स्थिति का जायजा लेने शरणार्थी शिविर में गई थीं। उनकी स्थिति देखने के बाद उन्‍होंने ट्वीट किया- शरणार्थी शिविरों में रह रहे बच्चों की हालत काफी दयनीय है और इस पर ध्‍यान देने की जरूरत है।

तस्‍लीमा ने भी किया ट्वीट
प्रियंका चोपड़ा के ट्वीट के बाद बांग्लादेश से निर्वासित विश्‍व प्रसिद्ध लेखिका तस्लीमा नसरीन ने प्रियंका के दौरे का जिक्र कर आरोप लगाया कि शरणार्थी शिविरों में रह रहे बच्चों की तस्करी जिस्मफरोशी के लिए की जाती है, लेकिन परवाह किसे है? तस्लीमा ने लिखा कि बाल अधिकारों के लिए यूनिसेफ गुडविल एंबेसडर के रूप में प्रियंका चोपड़ा ने बांग्लादेश में रोहिंग्या शरणार्थी शिविर का दौरा किया। प्रियंका ने कहा दुनिया को ख्याल रखने की जरूरत है। रोहिंग्या बच्चों की हर रोज जिस्मफरोशी के लिए तस्करी की जाती है। लेकिन परवाह किसे है?

प्रियंका ने किया शरणार्थी शिविर का दौरा
लंदन से सीधे प्रियंका सोमवार को बांग्लादेश के कॉक्स बाजार पहुंचीं। वहां वह शरणार्थी शिविर गईं और शिविरों में रह रहे रोहिंग्‍या मुसलमानों के बच्‍वों से मिलीं।

जाने से पहले दौरे की दी थी जानकारी
बता दें कि अपने इस दौरे की जानकारी प्रियंका चोपड़ा ने ट्वीट कर दी थी। उन्होंने लिखा था कि बतौर यूनिसेफ फील्ड विजिट वह सोमवार को रोहिंग्या शरणार्थी शिविरों के दौरे पर हैं। उनके अनुभवों को जानने लिए इंस्टाग्राम पर उन्‍हें फॉलो करें। बच्चे बेघर हो गए हैं, दुनिया को ख्याल रखने की जरूरत है। हमें ख्याल रखना चाहिए।

म्‍यांमार में धार्मिक हिंसा का शिकार होने के बाद बांग्‍लादेश में ले रखी है शरण
म्यांमार में रोहिंग्या मुसलमानों के खिलाफ हुए बड़े पैमाने पर धार्मिक हिंसा के कारण रोहिंग्‍या मुसलमान परिवारों ने समूहों में भाग कर कई देशों में शरण ले रखी है। उनमें से सबसे ज्‍यादा करीब 7 लाख के आसपास रोहिंग्‍या शरणार्थी बांग्‍लादेश में हैं। इनमें से करीब 60% बच्चे हैं।