18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Hydrogen Hotel : ये है दुनिया का पहला होटल, जो कचरे से बनी बिजली से चलता है

-जापान की राजधानी टोक्यो का होटल ‘कावासाकी किंग स्काइफ्रंट टोक्यू रे’ (Kawasaki King Skyfront Tokyu Rei Hotel)-हाइड्रोजन ईंधन का होता है इस्तेमाल

less than 1 minute read
Google source verification

image

Pushpesh Sharma

Jul 02, 2021

Hydrogen Hotel : ये है दुनिया का पहला होटल, जो कचरे से बनी बिजली से चलता है

पूरे होटल में पाइपों के माध्यम से ऊर्जा की आपूर्ति होती है।

प्लास्टिक और खाद्य अपशिष्ट आज दुनिया की सबसे बड़ी समस्या है। जापान की राजधानी टोक्यो में ऐसा होटल खुला है, जो पूरी तरह अपशिष्ट से बनी हाइड्रोजन को ऊर्जा के रूप में इस्तेमाल कर रहा है। होटल ‘कावासाकी किंग स्काइफ्रंट टोक्यू रे’ में 30 फीसदी हाइड्रोजन ऊर्जा प्लास्टिक कचरे और शेष 70 फीसदी ऊर्जा फूड वेस्ट से बनती है। कचरे से हाइड्रोजन ऊर्जा बनाने की तकनीक जापानी कंपनी तोशिबा ने ईजाद की है। हाइड्रोजन ईंधन सेल सिस्टम बिना कार्बन उत्सर्जन हाइड्रोजन को बिजली में बदल देता है। यह प्रणाली पूरे होटल में पाइप के माध्यम से ऊर्जा पहुंचाने का काम करती है। हाइड्रोजन की निश्चित मात्रा निरंतर मिलती रहती है। यह पूरी प्रक्रिया कार्बन मुक्त है। यहां तक कि आगंतुकों के इस्तेमाल किए गए टूथब्रश और कंघी तक का इस्तेमाल हाइड्रोजन बनाने में किया जाता है।

बिना मिट्टी उगाते हैं पौधे
होटल हाइड्रोपोनिक्स (मिट्टी के बिना पौधे उगाने की प्रक्रिया) और एलईडी प्रकाश संस्लेषण के जरिए होटल के अंदर पौधे उगा रहा है। मसलन, होटल की लॉबी में कीटनाशकमुक्त लेट्यूस को उगाकर महीने में एक बार काटा जाता है।

4.50 लाख किलो वाट बिजली
होटल प्रति वर्ष 3 लाख क्यूबिक नैनोमीटर हाइड्रोजन की आपूर्ति करता है, जिससे चार लाख 50 हजार किलोवाट बिजली पैदा होती है। यह बिजली एक वर्ष के लिए 82 घरों की ऊर्जा जरूरतों को पूरा कर सकती है।

कम हुआ 2 लाख किलोग्राम कार्बन उत्सर्जन
इस तकनीक से होटल से एक वर्ष में होने वाले संभावित 2 लाख किलोग्राम कार्बन उत्सर्जन कम हो रहा है, जो 14 हजार 300 देवदार के वृक्षों से कार्बन सोखने के बराबर है।