
बृहस्पति देवताओं के गुरु हैं, और सप्ताह का गुरुवार (Guruvar) देवगुरु बृहस्पति को समर्पित है। वहीं इस दिन के कारक देव भगवान विष्णु lord vishnu होने के कारण यह दिन उन्हें अत्यंत प्रिय है।
माना जाता है कि सामान्यत: भगवान विष्णु lord vishnu आसानी से किसी पर प्रसन्न नहीं होते हैं, लेकिन ये भी माना जाता है कि इस दिन जो कोई सच्चे मन से भगवान विष्णु (lord vishnu) की पूजा करता हैं, भगवान विष्णु (lord vishnu) जल्द प्रसन्न होकर उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।
वहीं माता लक्ष्मी भी भगवान विष्णु की पूजा से प्रसन्न होती हैं और धन संबंधी परेशानियां दूर करतीं हैं। ध्यान रहे भगवान विष्णु lord vishnu की पूजा के लिए कुछ खास नियम हैं, जिनका पालन करना बेहद जरूरी है। वहीं ऐसी कुछ चीजें भी हैं, जिनको इस दिन खाना वर्जित माना गया है।
न करें ये काम
मान्यता के अनुसार देवगुरु बृहस्पति के दिन गुरुवार को खिचड़ी भी नहीं खानी चाहिए। माना जाता है कि गुरुवार को जिस घर में खिचड़ी बनती है या फिर जहां के लोग इसे खाते हैं, वहां धन की हांनि होने के साथ ही दरिद्रता भी आ सकती है। इसके अलावा गुरुवार के दिन घर में कबाड़ घर से बाहर निकालने, घर को धोने या पोछा लगाने, साबुन का उपयोग करने से बच्चों, पुत्रों, घर के सदस्यों की शिक्षा, धर्म आदि के शुभ प्रभाव में कमी आती है।
ये न खाएं
भगवान विष्णु lord vishnu के प्रिय दिन यानि गुरुवार को केले नहीं खाना करना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार केले के वृक्ष में देवगुरु बृहस्पति का वास होता है। वहीं यह भी माना जाता है कि केले के पेड़ में भगवान विष्णु lord vishnu निवास करते हैं।
इसी कारण गुरुवार को केले के पेड़ की पूजा की जाती है। जानकारों के अनुसार भगवान विष्णु lord vishnu को भोग लगाने के बाद केले को दान कर देना चाहिए, लेकिन व्रती या फिर पूजन करने वाले लोगों को इस दिन केला नहीं खाना चाहिए।
इस दिन करें ये काम
सूर्य उदय होने से पहले शुद्ध होकर भगवान श्री हरि विष्णु lord vishnu के समक्ष गाय के शुद्ध देसी घी का दीपक इस दिन जलाना चाहिए। पीली चीजों का दान कर सकते हैं, केले के वृक्ष की जड़ में जल अर्पित करना शुभ माना गया है। माना जाता है कि गुरु के 108 नामों का उच्चारण करने से जल्दी ही जीवनसाथी की तलाश पूर्ण होती है। इस दिन केसर, पीला चंदन या फिर हल्दी का दान करना बहुत शुभ होता है। इससे घर में सुख-शांति आती है और आरोग्यता मिलती है।
Published on:
16 Nov 2022 12:00 pm
