कहा जाता है कि परमात्मा ने मनुष्य का भाग्य ऐसी किताब में लिखा है जो हमेशा मनुष्य के पास ही रहती है। वास्तव में हथेली ही वह किताब है जो उसे किस्मत का फल देती है। इन्हीं से मानव कर्म करता है और वही उसका भविष्य होता है।
इसीलिए कहा जाता है कि इंसान का भाग्य उसके हाथ में होता है। इसका मतलब ज्योतिष के साथ ही कर्मशक्ति से भी जुड़ा है। जानिए हस्तरेखा शास्त्र के ऐसे 9 अद्भुत योग जो किसी भी मनुष्य की किस्मत बना और बिगाड़ सकते हैं।
1- अगर बुध पर्वत पर एक त्रिभुज की आकृति हो तो ऐसा जातक प्रशासन में उच्च पद पर सुशोभित होता है।
2- अगर शुक्र पर्वत शुभ हो, वह विस्तार लिए हुए हो और उस पर कोई दोषयुक्त चिह्न न हो तो ऐसे मनुष्य का स्वास्थ्य सदैव अच्छा रहता है और वह दीर्घायु प्राप्त करता है।
3- स्पष्ट सूर्य रेखा हाथ के कई दोषों का निवारण कर देती है। अगर सूर्य रेखा से कोई शाखा निकलकर गुरु पर्वत की ओर जाती है तो ऐसा व्यक्ति उच्च अधिकारी होता है। राजकार्यों में उसका प्रतिनिधित्व होता है।
जरूर पढ़िए- अगर मार्ग में मिलें ये 8 लोग, तो हटना चाहिए पीछे4- हस्तरेखा के साथ ही हाथ के नाखूनों का भी अवलोकन किया जाता है। अगर नाखून बिलकुल साफ, अशुभ चिह्नों से रहित हों तो ऐसा जातक अच्छे स्वास्थ्य और उत्तम मनोदशा का स्वामी होता है।
5- अंगूठा मजबूत स्थिति में, दिखने में सुंदर और हथेली में मस्तिष्क रेखा लंबी हो तो ऐसा व्यक्ति धनलाभ, ऐश्वर्य, उच्च प्रभाव का मालिक होता है।
6- इसी प्रकार अगर हृदय रेखा कमजोर हो, कटी-फटी हो तो ऐसे मनुष्य का मन काम में नहीं लगता। वह निराशावादी भी होता है।
7- बहुत छोटी मस्तिष्क रेखा संकुचित मनोवृत्ति को दर्शाती है। यह शुभ प्रभाव नहीं देती। ऐसे मानव का जीवन अनेक कष्टों से युक्त होता है।
8- अगर दोनों हाथों में भाग्य रेखा मणिबंध से शुरू होकर शनि पर्वत तक जाए। इसके अलावा सूर्य रेखा स्पष्ट व पतली, मस्तिष्क व आयु रेखा शुभ अवस्था में हों तो ऐसे जातक को जीवन में अचानक धन प्राप्ति होती है।
9- अगर मणिबंध पर एक रेखा हो और वह संपूर्ण न हो तो ऐसे मनुष्य का जीवन खुशियों से रहित होता है। वह प्रायः सुखों से वंचित होता है।
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