2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

‘अमृतम जलम्’ सीएम योगी के दावों को आइना दिखाता अयोध्या का पौराणिक बृहस्पति कुंड

पत्रिका समूह के विशेष अभियान में 'अमृतम जलम्' आओ भागीरथी बने अभियान में आज हम बात कर रहे हैं अयोध्या के प्रसिद्ध बृहस्पति कुंड की

2 min read
Google source verification
Amritam Jarmam Abhiyan CM Yogi Not giving attention to Vrihaspati Kund

Amritam Jalam Ayodhya

पत्रिका का विशेष अभियान
अयोध्या : शनिवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने एक दिवसीय दौरे के दौरान धार्मिक नगरी अयोध्या में थे ,जहां पर उन्होंने जनकपुर से चलकर अयोध्या आने वाली विशेष बस सेवा का स्वागत किया . जिसके बाद उन्होंने सरयू तट के किनारे मां सरयू की आरती उतारी और प्रसिद्ध राम की पैड़ी परिसर का निरीक्षण कर विकास योजनाओं का जायजा लिया . इस दौरान पत्रकारों से बातचीत करने के दौरान सीएम योगी ने अयोध्या में विकास की गंगा बहाने की बात कही और पिछले वर्ष दिव्य दीपावली कार्यक्रम के दौरान अयोध्या में 133 करोड़ की योजनाओं की घोषणा के बाबत कार्य प्रगति का भी दावा किया . सीएम योगी ने कहा कि अयोध्या की परंपरा और इसकी पौराणिकता को देखते हुए इसे सुंदर बनाने और इसके विकास करने के लिए प्रदेश सरकार पूर्ण रुप से प्रयासरत है . लेकिन केंद्र में मोदी सरकार को साढ़े चार साल का लंबा वक्त बीत जाने और प्रदेश में योगी सरकार के डेढ़ साल से ज्यादा के कार्यकाल के बाद भी अयोध्या के पौराणिक कुंडू की स्थिति क्या है यह तस्वीर किसी से छुपी नहीं है . ऐसे ही एक कुंड की दुर्दशा के बारे में हम आज आपको बताने जा रहे हैं .

पत्रिका समूह के विशेष अभियान में "अमृतम जलम् " आओ भागीरथी बने अभियान में आज हम बात कर रहे हैं अयोध्या के प्रसिद्ध बृहस्पति कुंड की

देश की प्रमुख नदियों कुंडों और जलाशयों के संरक्षण और सौंदर्यीकरण को लेकर पत्रिका समूह के विशेष अभियान में "अमृतम जलम् " आओ भागीरथी बने अभियान में हम ऐसे ही प्राचीन पौराणिक कुंडों और जलाशयों की तरफ सरकार और आम जनमानस का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश करेंगे . जिनका जिक्र हमारे धर्म ग्रंथ और शास्त्रों में तो है लेकिन आज उपेक्षा के कारण वह अपना अस्तित्व खो रहे हैं . अगर उनका संरक्षण किया जाए तो ना सिर्फ ऐसे पौराणिक कुंड जलाशय और नदियां आकर्षण का केंद्र बनेगी बल्कि प्रदेश में पेयजल संकट को दूर करने में भी सहायक होंगे . अपने इस विशेष अभियान में आज हम बात कर रहे हैं अयोध्या के प्रसिद्ध बृहस्पति कुंड की . जिसका जिक्र अयोध्या के पौराणिक ग्रंथों में है और जो अयोध्या की संस्कृति और परंपरा के वाहक भी हैं . अयोध्या की टेढ़ी बाजार चौराहे के एक कोने पर स्थित बृहस्पति कुंड गंदगी और कीचड़ से भरे एक गड्ढे के रूप में तब्दील है . दशकों से कई बार इस कुंड के सौंदर्यीकरण की बात तो की गई लेकिन इसके विकास की तरफ किसी ने अपना ध्यान नहीं दिया . तमाम सरकारें आई और चली गई लेकिन इस प्राचीन कुंड की तस्वीर नहीं बदली . आज भी यह प्राचीन कुंड एक गंदे पानी से भरे बदबूदार गड्ढे में तब्दील है . प्रदेश सरकार अयोध्या के कुंडों के विकास के लिए करोड़ों खर्च करने का दावा जरूर कर रही है . लेकिन दावे की असल हकीकत इस तस्वीर को देखकर आप समझ सकते हैं . हमारी अपील है कि सरकार और आम जनमानस अयोध्या के इन कुंडों के जीर्णोद्धार के विषय में प्रयास करें जिससे अयोध्या की संस्कृति और परंपरा कायम रहे वर्ना कहीं ग्रंथों में लिखे गए इन कुंडों का इतिहास इतिहास ही ना बन जाए .

Story Loader