23 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बाबरी विध्वंस केस में राम विलास वेदांती समेत 6 तलब, CBI कोर्ट में आज से होगी गवाही

बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में आज से सीबीआई विशेष जज अयोध्या प्रकरण कोर्ट में गवाही शुरू होगी।

2 min read
Google source verification
बाबरी विध्वंस केस में राम विलास वेदांती समेत 6 तलब, CBI कोर्ट में आज से होगी गवाही

बाबरी विध्वंस केस में राम विलास वेदांती समेत 6 तलब, CBI कोर्ट में आज से होगी गवाही

लखनऊ. बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में आज से सीबीआई विशेष जज अयोध्या प्रकरण कोर्ट में गवाही शुरू होगी। कोर्ट ने इसके लिए बुधवार को राम विलास वेदांती, महंत धर्मदास समेत 6 को तलब किया। सीआरपीसी 313 के तहत गवाही के लिए इन लोगों को तलब किया गया था। बुधवार को अभियोजन पक्ष की गवाही खत्म हो चुकी है। अब आज से अभियुक्तों की गवाही शुरू हो जाएगी। लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती समेत 33 अभियुक्तों की भी जल्द ही गवाही हो जाएगी।

इसके पहले सीबीआई के आखिरी और मामले के 294वें गवाह एम. नारायणन की गवाही पिछले दिनों पूरी हो गई है। बता दें कि 6 दिसंबर 1992 को राम जन्मभूमि थाने के थानाध्यक्ष प्रियंवदा नाथ शुक्ला और राम जन्मभूमि पुलिस चौकी प्रभारी गंगा प्रसाद तिवारी ने सैकड़ों कारसेवकों के खिलाफ बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

अब तक 16 आरोपियों की हो चुकी मौत

इस मामले में करीब 48 एफआईआर दर्ज हुई थी। मामले की जांच पहले स्थानीय पुलिस फिर सीबीसीआईडी और उसके बाद सीबीआई ने की। 31 मई 2017 को सीबीआई ने इस मामले में 49 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। इन 49 आरोपियों में से फिलहाल 33 आरोपी ही जिंदा हैं, जबकि अशोक सिंघल, बालासाहेब ठाकरे, महंत अवैद्यनाथ समेत 16 आरोपियों की मौत हो चुकी है।

ये भी पढ़ें - उन्नाव की बेटी का आज होगा अन्तिम संस्कार, आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस

इस मामले में कुल 33 लोग आरोपी

सीबीआई स्पेशल जज अयोध्या प्रकरण एस के यादव ने सीआरपीसी 313 के तहत आज से आरोपियों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, कल्याण सिंह, उमा भारती, साध्वी ऋतम्भरा समेत 33 लोग इस मामले में आरोपी है। सीबीआई ने अभियोजन पक्ष की ओर से इस मामले में 294 गवाहों के बयान दर्ज करवाए हैं। दरअसल सुप्रीम कोर्ट ने 19 अप्रैल 2017 से निचली अदालत को दो साल में सुनवाई पूरी करने का आदेश दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने 19 जुलाई 2019 को फिर निर्देश दिया कि इस मामले में 9 महीने में फैसला सुना दिया जाए। सीबीआई ने बाबरी मस्जिद को ढहाने के मामले की जांच अपने हाथ में ली थी, जिसमें नफरत भरे भाषण देने को लेकर लाल कृष्ण आडवाणी, अशोक सिंघल, विनय कटियार, उमा भारती, साध्वी ऋतंभरा, मुरली मनोहर जोशी, गिरिराज किशोर और विष्णु हरि डालमिया के खिलाफ मामला दर्ज हैं।