
संत आशुतोष बह्मचारी और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद (photo- x@micchamasala)
Ayodhya News:अयोध्या दौरे के बाद एक बार फिर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद विवादों में घिर गए हैं। इस बार श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट के अध्यक्ष संत आशुतोष ब्रह्मचारी ने उनके खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए अयोध्या पुलिस को तहरीर सौंपी है। उन्होंने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर पाकिस्तान से फंडिंग लेने, सरकारी प्रोटोकॉल का गलत इस्तेमाल करने और धार्मिक भावनाएं आहत करने जैसे आरोपों की जांच कर केस दर्ज करने की मांग की है।
संत आशुतोष ब्रह्मचारी ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को पाकिस्तान के साथ-साथ समाजवादी पार्टी और कांग्रेस से भी फंडिंग मिल रही है। उन्होंने पुलिस से इन आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने और पूरे वित्तीय लेनदेन की पड़ताल करने की मांग की है। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कोई सार्वजनिक साक्ष्य पेश नहीं किया गया है और न ही स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की ओर से इस पर आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है।
तहरीर में यह भी कहा गया है कि 17 जुलाई को अयोध्या दौरे के दौरान स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने खुद को ज्योतिर्मठ, जोशीमठ और बदरिकाश्रम का शंकराचार्य बताकर सरकारी प्रोटोकॉल लिया, जबकि इस पद को लेकर मामला न्यायालय में विचाराधीन है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इससे प्रशासन को भ्रमित किया गया।
आशुतोष ब्रह्मचारी ने आरोप लगाया कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने सार्वजनिक मंच से रामलला के संदर्भ में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल किया जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुईं। इसके अलावा हनुमानगढ़ी को लेकर दिए गए बयान पर भी उन्होंने आपत्ति जताई और कहा कि यह बेहद संवेदनशील धार्मिक विषय है, इसलिए इसकी भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि उत्तर प्रदेश में गोवध निवारण अधिनियम लागू होने के बावजूद यात्रा के दौरान गौ माता को राष्ट्रीय माता घोषित करने के समर्थन में अभियान चलाया गया। शिकायतकर्ता ने इसे भी जांच का विषय बताया।
राम जन्मभूमि थाना प्रभारी सुमित श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायत प्राप्त हो गई है। तहरीर के आधार पर पूरे मामले की जांच की जाएगी और जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसी के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Updated on:
21 Jul 2026 12:00 pm
Published on:
21 Jul 2026 12:00 pm
