आजमगढ़ जिले में 2010 से 2025 तक की संस्कृत विद्यालयों में हुई नियुक्तियां एसआईटी की रडार पर आ गई हैं। एसआईटी ने इन सभी नियुक्तियों की जांच शुरू कर दी है। इस जांच से शिक्षा विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
आजमगढ़ जिले में 2010 से 2025 तक की संस्कृत विद्यालयों में हुई नियुक्तियां एसआईटी की रडार पर आ गई हैं। एसआईटी ने इन सभी नियुक्तियों की जांच शुरू कर दी है। इस जांच से शिक्षा विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
आपको बता दें कि एसआईटी की इस जांच से 58 शिक्षक और शिक्षेणेत्तर कर्मचारी जांच के दायरे में आ गए हैं। जनपद में 806 माध्यमिक विद्यालय हैं। इनमें 97 वित्त पोषित, 26 राजकीय और 683 वित्त विहीन विद्यालय हैं। इसके अलावा 37 संस्कृत विद्यालय संचालित हैं। उक्त विद्यालयों में 2010 से 2025 तक 58 से अधिक शिक्षक व कर्मचारी नियुक्त किए गए। इन स्कूलों में नियुक्त होने वाले शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मियों की नियुक्ति पर शुरुआत से ही सवाल उठते रहे हैं। नियुक्ति में फर्जीवाड़ा की शिकायत हुई तो एसआईटी को जांच सौंपी गई। एसआईटी ने संयुक्त शिक्षा निदेशक दिनेश सिंह व जिला विद्यालय निरीक्षक उपेंद्र कुमार को अभिलेखों के साथ तलब किया।
हालांकि डीआईओएस की ओर से अभी सभी शिक्षकों का अभिलेख एसआईअी को नहीं सौंपी गई है। कारण कि शिक्षकों की नियुक्ति से जुड़े अभिलेख एकत्र किए जा रहे हैं। शिक्षकों से भी मांगा गया है।