
चौमूं की दो महिलाओं की वृद्धावस्था पेंशन जमा हो रही थी दौसा जिले के दो युवकों के खातों में, एसडीएम की दखल से वसूली राशि
जयपुर/चौमूं. दो साल पहले पेंशनधारियों के बैंक खातों को ऑनलाइन लिंक करने के दौरान एक ई-मित्र संचालक द्वारा की गई गड़बड़ी के चलते चौमूं की दो वृद्ध महिलाओं की पेेंशन राशि दौसा जिले में दो युवकों के बैंक खाते में जाती रही। पेंशन बंद होने की महिलाओं की शिकायत पर कुछ नहीं हुआ, लेकिन गत दिनों इसकी शिकायत फिर से एसडीएम अभिषेक सुराणा (आईएएस) से की तो जांच पड़ताल की, सच्चाई सामने आई, जिस पर दौसा पुलिस अधीक्षक और संबंधित बैंक अधिकारियों की मदद से दोनों युवकों से 28 हजार रुपए वसूले गए।
एसडीएम सुराणा ने बताया कि हाल ही में सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत पेंशन का भौतिक सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। कार्यालय के कनिष्ठ सहायक आशुतोष शर्मा की ओर से रेंडम रूप से किए सत्यापन कार्य के दौरान 2 पेंशन लाभार्थी शहर के वार्ड 2 रुपामालन की ढाणी निवासी भूरी देवी सैनी व वार्ड 20 निवासी रामनगर मोरीजा रोड निवासी भगवती देवी के परिजनों ने पेंशन बंद होने की शिकायत की थी।(निसं.)
वर्ष 2018 मई से नहीं मिल रही थी पेंशन
दोनों लाभार्थियों को स्वीकृति वर्ष 2013 से मनीआर्डर के माध्यम से लगातार पेंशन प्राप्त हो रही थी, लेकिन मई, 2018 से पेंशन मिलना बंद थी। पेंशनर की ओर से डाक विभाग चौमूं में पता करने पर जानकारी मिली कि पेंशन राशि का भुगतान बैंक के माध्यम से किया जा रहा है, जबकि दोनों महिलाओं का किसी भी बैंक में खाता ही नहीं था। साथ ही पेंशनर वृद्ध हंै, जो चलने-फिरने में भी असक्षम है।
पड़ताल की तो सच्चाई आई सामने
एसडीएम ने महिलाओं से मिली जानकारी और दस्तावेज के आधार पर ऑनलाइन एसएसपी पोर्टल पर उपलब्ध व्यक्तिगत विवरण एवं लेजर से मिलान किया, जिसमें व्यक्तिगत विवरण में बैंक का नाम बैंक ऑफ इंडिया चौमूं दर्ज मिला। इस संबंध में शाखा प्रबंधक से पत्र व्यवहार करने पर खाता संख्या बैंक ऑफ इंडिया दौसा शाखा में होना पाया। इसके बाद दौसा बैंक प्रबंधक से संबंधित खाता संख्या की जानकारी प्राप्त की, तो जिले के व्यक्तियों के बैंक खातों में पेंशन की राशि जमा होना सामने आया।
यूं संभव में हुआ
एसडीएम ने पुलिस अधीक्षक दौसा की सहायता ली। पुलिस अधीक्षक ने तत्परता दिखाते हुए अपात्र पेंशन प्राप्त दोनों युवकों से क्रमश: 15 हजार और 13 हजार रुपए की वसूली कर एसडीएम के सुपुर्द की। इसके बाद दोनों पेंशनर से सही बैंक विवरण सहित अन्य दस्तावेज लेकर एसएसपी पोर्टल पर बैंक डाटा अपडेट कराया और पेंशनर भूरी देवी के बैंक खाते में 15 हजार और भगवती देवी के खाते में 13 हजार रुपए की पेंशन राशि जमा करवाई गई।
इनका कहना है
जांच पड़ताल में कार्यालय के कनिष्ठ सहायक कर्मचारी का सरानीय योगदान रहा है। संबंधित युवकों से राशि वसूल कर पात्र पेंशनर महिलाओं के खाते में राशि जमा करवा दी है। ईमित्र संचालक की ओर से गड़बड़ी करना सामने आ रहा है, जिसकी पहचान एवं तलाश की जा रही है।
अभिषेक सुराणा, एसडीएम चौमूं
Published on:
7 Oct 2020, 9:46 PM IST
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